Sunday, July 12, 2026 |
Home Real Estateनोएडा और गुडग़ांव की प्रॉपर्टी रेट चार साल में हुई डबल से ज्यादा

नोएडा और गुडग़ांव की प्रॉपर्टी रेट चार साल में हुई डबल से ज्यादा

by Business Remedies
0 comments

बिजनेस रेमेडीज़/नई दिल्ली। कोरोना काल के बाद नोएडा और गुरुग्राम या गुडग़ांव के रियल एस्टेट मार्केट में आग सी लग गई है। स्थिति यह है कि महज चार साल में ही प्रॉपर्टी की कीमतें डबल से भी ज्यादा हो गई हैं। एनारॉक की लेटेस्ट रिपोर्ट के मुताबिक, 2021 से 2024 के बीच इन इलाकों में संपत्तियों की कीमतों में 128त्न तक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। हालांकि, इसी दौरान किराये की दरों में उतनी वृद्धि नहीं देखी गई। इससे निवेशकों को भारी मुनाफा हुआ है।
बीते चार साल में प्रॉपर्टी कीमतें खूब चढ़ी हैं। नोएडा के सेक्टर-150 में संपत्ति की कीमतों में 128त्न तक की वृद्धि दर्ज की गई है। हालांकि, इस दौरान मकान के किराये में केवल 66त्न का इजाफा हुआ। वहीं, गुरुग्राम के सोहना रोड पर प्रॉपर्टी की कीमतें 59त्न बढ़ी हैं, जबकि किराया सिर्फ 47त्न बढ़ा।
रियल एस्टेट विशेषज्ञों के मुताबिक, इन इलाकों में कीमतों के बढऩे के पीछे कई बड़े कारण हैं। एक तो नोएडा और गुडग़ांव में बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर और कनेक्टिविटी है। इन सब इलाकों में आपको एक्सप्रेसवे की कनेक्टिविटी है, मेट्रो रेल की सुविधा है। साथ ही अलग से हाईवे कनेक्टिविटी ने इन क्षेत्रों की डिमांड बढ़ाई है। साथ ही साथ इन शहरों मं बड़े कॉरपोरेट ऑफिस और आईटी कंपनियों का विस्तार हो रहा है।
एनारॉक की रिपोर्ट के अनुसार देश के बाकी प्रमुख शहरों में संपत्ति की कीमतों और किराये में अलग-अलग रुझान देखने को मिल रहे हैं। मुंबई के चेंबूर और मुलुंड में संपत्ति की कीमतें क्रमश: 48त्न और 43त्न बढ़ीं, लेकिन किराया इससे कम 42त्न और 29त्न ही बढ़ा। हैदराबाद के हाईटेक सिटी और गाचीबोवली में भी यही पैटर्न नजर आया, जहां संपत्ति की कीमतों में 62त्न और 78त्न की बढ़ोतरी हुई, जबकि किराये में क्रमश: 54त्न और 62त्न की वृद्धि देखी गई। बेंगलुरु के थानिसंद्रा मेन रोड में संपत्ति के दाम 67त्न तक चढ़े, जबकि किराया 62त्न बढ़ा। वहीं, सरजापुर रोड में किराया 76त्न बढ़ा, लेकिन संपत्ति के दाम 63त्न तक ही बढ़ सके। इसके उलट, पुणे, कोलकाता और चेन्नई में किराये की बढ़ोतरी संपत्ति की कीमतों से अधिक रही। पुणे के हिंजेवाड़ी में किराया 57त्न बढ़ा, जबकि संपत्ति की कीमतों में केवल 37त्न की वृद्धि हुई। कोलकाता के ईएम बाईपास में किराया 51त्नत्न चढ़ा, लेकिन संपत्ति के दाम सिर्फ 19त्न बढ़े। इसी तरह, चेन्नई के पल्लवरम में किराया 44त्न बढ़ा, जबकि संपत्ति की कीमतें सिर्फ 21त्नत्न ही बढ़ सकीं।
विशेषज्ञों का मानना है कि जिन इलाकों में अभी इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट जारी है, वहां निवेशकों के लिए शानदार मौके हैं। नोएडा एक्सप्रेसवे, गुरुग्राम के सेक्टर-82, द्वारका एक्सप्रेसवे और सोहना रोड जैसे इलाकों में निवेश करने वाले आने वाले सालों में अच्छा रिटर्न कमा सकते हैं।



You may also like

Leave a Comment