बेंगलुरु। FundsIndia का Assets Under Management (AUM) 30,000 करोड़ रुपये के पार पहुंच गया है। इससे पहले कंपनी ने इसी साल 25,000 करोड़ रुपये का आंकड़ा पार किया था और यह 20,000 करोड़ रुपये के स्तर को पार करने के लगभग 11 महीने बाद हुआ है।
इस वृद्धि के पीछे किसी एक बड़े निवेश या बाजार की किसी एक अनुकूल स्थिति का योगदान नहीं है। यह वृद्धि इसलिए संभव हुई क्योंकि खुदरा निवेशकों ने अपने SIP निवेश बढ़ाए, IFA साझेदारों ने अपनी वित्तीय सलाहकार सेवाओं का दायरा विस्तृत किया और प्राइवेट वेल्थ कारोबार ने कम समय में ही संपन्न और HNI ग्राहकों का भरोसा जीतकर तेज़ी से विकास किया।
भारत में अलग-अलग आय वर्गों और शहरों के निवेशक अब ऐसी निवेश सलाह चाहते हैं, जो सिर्फ अच्छे बाजार के समय ही नहीं, बल्कि अनिश्चित परिस्थितियों में भी उनके लिए भरोसेमंद साबित हो। FundsIndia ऐसा प्लेटफॉर्म और सलाहकार क्षमता विकसित कर रहा है, जो गहन रिसर्च और तकनीक को जोड़कर पहली बार निवेश करने वाले टियर-2 शहर के निवेशक से लेकर महानगर के अनुभवी निवेशक तक, सभी के लिए उपयोगी बनाता है।
कंपनी के तीनों प्रमुख कारोबार—D2C, पार्टनर और प्राइवेट वेल्थ ने अपने-अपने तरीके से मजबूत पहचान बनाई है। D2C कारोबार ने अधिक निवेशकों को केवल निवेश की सोच तक सीमित रहने के बजाय वास्तव में निवेश शुरू करने और एकमुश्त निवेश से आगे बढ़कर नियमित SIP निवेश अपनाने में मदद की है। पार्टनर वर्टिकल ने IFA और Mutual Fund Distributors (MFDs) को बेहतर रिसर्च और आधुनिक तकनीकी टूल उपलब्ध कराए हैं, जिससे वे अपने ग्राहकों को अधिक भरोसे के साथ सलाह दे सकें। वहीं, प्राइवेट वेल्थ कारोबार ने मजबूत रिश्तों और विश्वास के आधार पर तेज़ी से अपनी पहचान बनाई है।
आज FundsIndia पूरे भारत में लगभग 30 लाख निवेशकों को सेवाएं दे रहा है। इनमें से करीब 71.79% निवेशक प्रमुख महानगरों के बाहर के शहरों से हैं। यह दर्शाता है कि सुनियोजित निवेश अब धीरे-धीरे लेकिन मजबूती से अपनी जगह बना रहा है।
Akshay Sapru ने कही यह बात
इस उपलब्धि पर FundsIndia के Group CEO Akshay Sapru ने कहा:
“30,000 करोड़ रुपये के स्तर तक पहुंचना हमारे लिए बेहद महत्वपूर्ण है, लेकिन उससे भी अधिक मायने यह रखता है कि हमने यह मुकाम कैसे हासिल किया। खासकर पिछले कुछ महीनों में बाजार ने निवेशकों के भरोसे और धैर्य की कड़ी परीक्षा ली है। हमने यह सफलता एक-एक कदम आगे बढ़ते हुए हासिल की है, हर निवेशक के साथ मजबूत रिश्ता बनाकर और हर सलाहकार व साझेदार के साथ भरोसेमंद संवाद कायम करते हुए हमने यह सफर तय किया है। हमारा मानना है कि लंबे समय तक स्थायी विकास के लिए यही सबसे जरूरी है।
हमारे कारोबार के तीनों हिस्से इस विकास में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं। हमारा प्राइवेट वेल्थ कारोबार इस वृद्धि की अगुवाई कर रहा है, जो यह साबित करता है कि एक बार HNI ग्राहक का भरोसा जीत लेने पर उसके परिणाम बेहद सकारात्मक होते हैं। हमारा D2C प्लेटफॉर्म खुदरा निवेशकों के लिए निवेश शुरू करने की प्रक्रिया को और आसान बना रहा है। वहीं, हमारे पार्टनर्स लगातार अधिक सक्षम और आत्मविश्वासी बन रहे हैं। यही संतुलित विकास हमें किसी एक आंकड़े से कहीं अधिक, आने वाले चरण को लेकर भरोसा देता है।
अभी हमें लंबा सफर तय करना है। भारतीय निवेशक अब पहले से अधिक जागरूक हैं और वे केवल बेहतर रिटर्न ही नहीं, बल्कि गुणवत्तापूर्ण सेवाओं की भी अपेक्षा रखते हैं। यही हमें लगातार बेहतर काम करने के लिए प्रेरित करता है। हमारा उद्देश्य रिसर्च, तकनीक और सलाहकार क्षमताओं को लगातार मजबूत करना है, ताकि हम निवेशकों का भरोसा जीतते रहें। साथ ही, हम यह भी सुनिश्चित करते हैं कि विकास की गति के साथ गुणवत्ता और सुशासन से कोई समझौता न हो। आज हम जहां हैं, उसके लिए आभारी हैं और इस बात से भी पूरी तरह अवगत हैं कि हमें अभी बहुत आगे तक जाना है।”
FundsIndia में WestBridge Capital के समर्थन से कंपनी अपनी तकनीकी और डेटा अवसंरचना में लगातार निवेश कर रही है। साथ ही, कंपनी AI और Analytics क्षमताओं को भी मजबूत बना रही है, ताकि निवेश संबंधी सलाह को अधिक व्यक्तिगत और बड़े स्तर पर सभी के लिए आसानी से उपलब्ध कराया जा सके। वर्तमान में 1,260 पेशेवरों की टीम के साथ कंपनी अगले चरण की विकास आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए अपने कार्यबल का लगातार विस्तार कर रही है।
इस महत्वपूर्ण उपलब्धि के बाद भी FundsIndia की प्राथमिकता वही बनी हुई है—अधिक से अधिक भारतीयों को स्पष्टता, निरंतरता और भरोसे के साथ निवेश करने में सक्षम बनाना, साथ ही IFA और सलाहकार समुदाय को ऐसे प्रभावी साधन उपलब्ध कराना, जिनकी मदद से वे भी अपने ग्राहकों के लिए ऐसा ही कर सकें।

