बिजनेस रेमेडीज़/जयपुर। राजस्थान में अपनी तरह की पहली इनीशिएटिव के तहत, साइबर हैरेसमेंट के खिलाफ बुलंद रहने वाली एक युवा आवाज- व्हाट नॉउ ने ऐलान किया कि उन्होंने राजस्थान में, हर कीमती जिंदगी को साइबर बुलिंग के खतरे से बचाने और सुरक्षित रखने के लिए साइबर हैरेसमेंट, साइबर बुलिंग के खिलाफ एक राज्यव्यापी अभियान शुरू कर दिया है।
डिजिटल युग के आगे बढऩे के साथ-साथ, टेक्नोलॉजी ने लोगों के कनेक्ट होने, संवाद करने और जानकारी शेयर करने के तरीके में आमूलचूल बदलाव कर दिया है। हालाँकि, इस तकनीकी धूमधड़ाके ने साइबर बुलिंग, साइबर क्राइम और साइबर हैरेसमेंट जैसी नई चुनौतियों के लिए भी दरवाजे खोल दिए हैं, जो भारत समेत पूरी दुनिया में गंभीर सामाजिक मुद्दे बनकर तेज़ी से उभर रही हैं। ये समस्याएं भारत जैसे देश में खास तौर पर गंभीर हो जाती हैं, जहाँ इंटरनेट का उपयोग तो तेजी से बढ़ा है, लेकिन रेग्युलेटरी फ्रेमवर्क और जागरूकता इन ऑनलाइन मुसीबतों के चलते पैदा होने वाले खतरों के मुकाबले पिछड़ी हुई है।
यह ग्राउंड ब्रेकिंग कैम्पेन, ऑनलाइन एब्यूज के लगातार फैलते जा रहे डर को लेकर जागरूकता बढ़ाने पर ध्यान केंद्रित करेगा, साथ ही अपने नए खुले हेल्पलाइन नंबर +91 9019115115 के जरिए, तत्काल और भरोसेमंद सहायता प्रदान करेगा।
हेल्पलाइन नंबर +91 9019115115 पीड़ितों के लिए आशा की किरण बनकर काम करेगा। यह राजस्थान के नागरिकों को साइबर एब्यूज के साथ कारगर ढंग से निपटने का मार्गदर्शन और संसाधन प्रदान करेगी, तथा सही समय पर बीच-बचाव भी करेगा।
आज युवाओं के द्वारा झेली जा रही साइबर-बुलिंग/हैरेसमेंट की समस्याओं को हाईलाइट करते हुए ‘व्हाट नॉउ’ की फाउंडर और फिलांथ्रोपिस्ट नीति गोयल ने कहा कि हमारा मिशन है कि एक सुरक्षित और सहयोगी ऑनलाइन यूथ कम्युनिटी तैयार की जाए, जहाँ वे साइबर बुलिंग और साइबर हैरेसमेंट से डरे बिना आपस में बातचीत कर सकें। हम साइबर हैरेसमेंट के खिलाफ, जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से यूथ फोरम बनाएंगे और इस लक्ष्य को हासिल करेंगे।

