बिजनेस रेमेडीज़/जयपुर। ‘राइजिंग राजस्थान’ ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट 2024 का पहला ‘इन्वेस्टर मीट’ भारत की वाणिज्यिक राजधानी मुंबई में माननीय मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा के नेतृत्व में सफलतापूर्वक आयोजित किया गया। इस ‘इन्वेस्टर मीट’ के दौरान राजस्थान में निवेश के लिए राज्य सरकार के ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टमेंट प्रोमोशन और विभिन्न उद्योगपतियों के बीच 4.5 लाख करोड़ रुपये से अधिक के एमओयू पर हस्ताक्षर किए गए। मुख्यमंत्री के अलावा राजस्थान सरकार के उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री कर्नल राज्यवर्धन राठौड़ भी इस अवसर पर उपस्थित थे।
इस ‘इन्वेस्टर मीट’ में उद्योग एवं व्यापार जगत की कई जानी-मानी हस्तियां शामिल हुए और इस दौरान अक्षय ऊर्जा, सीमेंट, केमिकल्स और पेट्रोकेमिकल्स, नागरिक उड्डयन और आईटीआई के अपग्रेडेशन जैसे कई क्षेत्रों में निवेश के लिए एमओयू किया गया। प्रदेश में निवेश के लिए जिन प्रमुख भारतीय कंपनियों और औद्योगिक समूहों ने सरकार के साथ एमओयू किया, उनमें अदानी ग्रुप, वेदांता ग्रुप, जेएसडब्लू ग्रुप, टाटा ग्रुप, वारी ग्रुप, डालमिया ग्रुप और स्टार सीमेंट वगैरह शामिल हैं।
इस अवसर पर, माननीय मुख्यमंत्री ने तालियों की गडग़ड़ाहट के बीच ‘राइजिंग राजस्थान’ ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट 2024 की आधिकारिक वेबसाइट भी लॉन्च की।
राज्य में उद्योग-धंधे लगाने के लिए निवेशकों और कारोबारियों को आमंत्रण: इस ‘इन्वेस्टर मीट’ में बोलते हुए मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने कहा कि ‘2047 तक ‘विकसित भारत’ के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए ‘विकसित राजस्थान’ का होना जरूरी है। राजस्थान अपार संभावनाओं से लैस प्रदेश है जहां प्रचुर मात्रा में प्राकृतिक संसाधन हैं। इसके अलावा हमारे राज्य में स्किल्ड वर्कफोर्स की भरमार है और यहां निवेश के असीमित अवसर हैं। मैं निवेशक समुदाय, कॉरपोरेट्स और बाकी अन्य संस्थानों को हमारे खूबसूरत राज्य में आने के लिए आमंत्रित करता हूं। आइए और राजस्थान सरकार की निवेशकों के अनुकूल नेक्स्ट जेनरेशन नीतियों का लाभ उठाइए।
4.5 लाख करोड़ रुपये से अधिक के एमओयू पर हुए हस्ताक्षर : ‘राइजिंग राजस्थान’ ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट 2024 के बारे में बोलते हुए मुख्यमंत्री शर्मा ने कहा कि समिट के पहले ‘इन्वेस्टर मीट’ में ही हमने राज्य में 4.5 लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश हेतु एमओयू पर आज हस्ताक्षर किए हैं। निवेशकों और उद्योग जगत का दृढ़ विश्वास यह बताता है कि राजस्थान में संभावनाएं अपार हैं। मुझे पूरा विश्वास है कि अगले 5 वर्षों में ही हम राज्य को 350 बिलियन अमेरिकी डॉलर की अर्थव्यवस्था बना सकने में सक्षम होंगे।
राजस्थान निवेश प्रोत्साहन योजना को दिया गया नया स्वरूप : इस अवसर पर राजस्थान सरकार के उद्योग मंत्री माननीय कर्नल राज्यवर्धन राठौर ने कहा कि राजस्थान में केवल एक ही वीआईपी है, वह है राजस्थान में निवेश करने वाला निवेशक। राजस्थान के विकास के अपने सपने को साकार करने के लिए हमारे पास राजनीतिक इच्छाशक्ति है। इतने कम समय में निवेशकों की सकारात्मक प्रतिक्रिया ने हमें बड़े सपने देखने के लिए पंख दिए हैं और ‘राइजिंग राजस्थान’ ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट 2024 को बड़ी सफलता बनाने के लिए हमारा आत्मविश्वास बढ़ाया है।
देश के कई बड़े उद्योगपतियो से मुख्यमंत्री की मुलाकात : इस ‘इन्वेस्टर मीट’ के बाद माननीय मुख्यमंत्री शर्मा ने देश के कई बड़े उद्योगपतियों से भी मिले और उन्हें राजस्थान में निवेश करने तथा निवेशकों के लिए बनाए जा रहे अनुकूल इको सिस्टम और नीतियों का उपयोग करने के लिए आमंत्रित किया। माननीय मुख्यमंत्री से मुलाकात करने वालों में महिंद्रा एवं महिंद्रा ग्रुप के चेयरमैन आनन्द महिंद्रा, जेएसडब्लू ग्रुप के चेयरमैन सज्जन जिंदल, प्रॉक्टर एंड गैम्बल के भारत और दक्षिण एशिया के मैनेजिंग डायरेक्टर कुमार वेंकटासुब्रमण्यिन, वेदांता ग्रुप की नॉन-एक्ज़ीक्यूटिव डायरेक्टर और हिंदुस्तान जिंक की चेयरपर्सन प्रिया अग्रवाल, एस्सार ग्रुप के ग्रुप डायरेक्टर अंशुमान रुइया, अवादा ग्रुप के चेयरमैन विनीत मित्तल, इमैजिका एंटरटेनमेंट के सीईओ धीमंत बख्शी, और यूपीएल लिमिटेड के राज तिवारी शामिल हैं।

