नई दिल्ली: Epson ने इकोटैंक प्रिंटर्स के लिए अपने नए कैंपेन को लॉन्च किया। इस कैंपेन में उनकी ब्रांड एंबेसडर, रश्मिका मंदाना दिखाई देंगी। इस नए कैंपेन का मकसद कम खर्चे पर बिना किसी परेशानी के कलर प्रिंटिंग देना है। अपनी कुछ हट कर और आकर्षक नई पंचलाइन – “टोटली प्रिंटएबुलस” के साथ एप्सन अपने हर तरह के दर्शकों की उम्मीद पर खरा उतरने की तैयारी में है। जिसमें वे छात्र शामिल हैं जो अपने स्कूल प्रोजेक्ट बनाने के लिए प्रिंटर का इस्तेमाल करते हैं, वह कॉर्पोरेट जो अपने कार्यालय दस्तावेजों के लिए प्रिंटर का इस्तेमाल करते हैं और वह सभी फोटोकॉपी की दुकानें जो अपने रोजाना के काम के लिए प्रिंटर का इस्तेमाल करती हैं। एप्सन ब्लैक कलर के लिए मात्र 9 पैसे और कलर प्रिंट के लिए 33 पैसे में प्रिंटिंग प्रदान कर कम खर्चे में सुगम कलर प्रिंटिंग को प्रमोट कर रहा है।
शिव कुमार – सीनियर जनरल मैनेजर – आईजेपी, एप्सन इंडिया ने बताया कि, “एप्सन इंकटैंक प्रिंटिंग टेक्नोलॉजी में सबसे उम्दा हैं। हमने इस टेक्नोलॉजी की शुरूआत वर्ष 2011 में करी थी और तब से हमने दुनिया भर में लगभग 95.31 मिलियन से भी ज्यादा इकोटैंक प्रिंटर और भारत में लगभग 7 मिलियन से भी ज्यादा इकोटैंक प्रिंटर बेचे हैं।आज से 13 साल पहले से यानी इसके लॉन्च होने के बाद से इकोटैंक भारत का सबसे ज्यादा बिकने वाला इंकटैंक प्रिंटर रहा है। हम अपनी इस सफलता को यू ही बरकरार रखना चाहते हैं और इसी बात के मद्दे नज़र हमारा नया मार्केटिंग कैंपेन एपसॉन इकोटैंक प्रिंटर के शानदार गुणों को बड़े उत्साह, आकर्षक और प्रभावशाली तरीके से उभारता है। इसका मकसद यह बताना है कि प्रिटिंग भी ख़ास तौर पर रंगीन बिना किसी परेशानी के, प्रभावशाली, कम खर्चे वाली में मज़ेदार हो सकती है। इस बात से कोई फर्क नहीं पड़ता कि आप इसे घर में, कार्यालय या वाणिज्यिक मुद्रण के लिए इस्तेमाल कर रहे हैं। एपसॉन के इकोटैंक प्रिंटर सभी के लिए उत्तम हैं।”
वित्त वर्ष 23 में एप्सन ने 40.69% मार्केट शेयर के साथ इंकजेट प्रिंटर बाजार में अपनी शानदार स्थिति को बरकरार रखा है। इस वृद्धि का कारण इकोटैंक प्रिंटरों को ज्यादा पसंद करना था। क्योंकि उपभोक्ता पुराने कार्ट्रिज-आधारित प्रिंटर की तुलना में सस्ते, ज्यादा काम करने वाले, परेशानी मुक्त प्रिंटिंग के लाभ को बखूबी समझते हैं। एप्सन की हीट फ्री प्रिंटिंग टेक्नोलॉजी ने क्रांतिकारी रूप ले लिया है, क्योंकि वह कम बिजली की खपत करने में बहुत मदद करती है, जिससे पर्यावरण पर इसका नकारात्मक प्रभाव भी कम पड़ता है, इसी लिए इसकी बिक्री उन उपभोक्ताओं में भी खूब रही है जो सस्टेनेबिलिटी के बारे में चिंतित हैं। बाज़ार में उपलब्ध इंकटैंक प्रिंटरों की सबसे बड़ी श्रृंखला (47 मॉडल) के साथ, एप्सन प्रिंटर बाज़ार में अपनी बिक्री को लगातार बढ़ाने और मार्केट शेयर में बढ़ोत्तरी कायम रखने की उम्मीद कर रहा है।

