नई दिल्ली | एजेंसी | केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री Dr. Jitendra Singh ने कहा कि भारत ने महज तीन साल में 1,000 किलोमीटर सुरक्षित Quantum Communication का लक्ष्य पूरा कर लिया है। यह उपलब्धि तय समयसीमा से आधे से भी कम समय में हासिल की गई है। उन्होंने कहा कि भारत Quantum, Artificial Intelligence (AI), Semiconductor और Deep-Tech जैसी उभरती तकनीकों में बहुत तेजी से आगे बढ़ रहा है। साथ ही देश के युवा वर्ष 2047 तक ‘विकसित भारत’ बनाने में सबसे बड़ी भूमिका निभाएंगे। राष्ट्रीय राजधानी में आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री ने कहा कि सरकार उच्च शिक्षा को नई तकनीकों के अनुरूप बनाने पर काम कर रही है, जिसमें AI, Semiconductor, Cyber Security और Quantum Technology जैसे क्षेत्रों पर खास ध्यान दिया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि National Skill Development Corporation, Ethnotech और Cambridge University Press & Assessment के सहयोग से विकसित केंद्र छात्रों को भविष्य की नौ तकनीकी क्षेत्रों में प्रशिक्षण देगा। इसके साथ ही छात्रों को वैश्विक स्तर पर मान्यता प्राप्त प्रमाणपत्र भी दिए जाएंगे। National Quantum Mission की प्रगति का जिक्र करते हुए मंत्री ने कहा कि आठ वर्षीय इस मिशन पर तेजी से काम चल रहा है। देश भर के संस्थानों के सहयोग से चार प्रमुख थीम आधारित हब बनाए गए हैं, जो इस मिशन को आगे बढ़ा रहे हैं। उन्होंने कहा कि सिर्फ तीन साल में 1,000 किलोमीटर सुरक्षित Quantum Communication नेटवर्क तैयार होना भारत की बड़ी तकनीकी उपलब्धि है। मंत्री ने बताया कि वर्ष 2024 में शुरू किए गए India AI Mission के जरिए Computing Infrastructure, Data Set, Innovation और भविष्य की तकनीकी कौशल से जुड़ा मजबूत तंत्र तैयार किया जा रहा है।
Dr. Jitendra Singh ने कहा कि नवाचार के क्षेत्र में भारत की वैश्विक स्थिति लगातार मजबूत हो रही है। आज भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा Startup Ecosystem बन चुका है और देश में एक लाख से अधिक Patent दर्ज हो चुके हैं। इनमें ज्यादातर Patent भारतीय नागरिकों द्वारा दाखिल किए गए हैं। उन्होंने कहा कि वैज्ञानिक शोध प्रकाशनों के मामले में भी भारत दुनिया के अग्रणी देशों में शामिल है और भारतीय शोध को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लगातार मान्यता मिल रही है। मंत्री ने कहा कि तेजी से बदलती तकनीक के दौर में लगातार नई Skill सीखना और खुद को अपडेट करना बेहद जरूरी हो गया है। खासकर AI, Cyber Security, Quantum Technology और Semiconductor Design जैसे क्षेत्रों में यह आवश्यकता और बढ़ गई है। उन्होंने कहा कि भारत की लगभग 70 प्रतिशत आबादी 40 वर्ष से कम आयु की है, जो आने वाले दो से तीन दशकों में भारत को दुनिया का बड़ा कुशल कार्यबल केंद्र बना सकती है|

