बिजऩेस रेमेडीज/मुंबई
Artha Global अपॉर्च्युनिटीज फंड, किसी नए स्थान पर अपना बिजनेस स्थापित करने के लिए मॉरीशस से गिफ्ट सिटी, गांधीनगर में स्थानांतरित होने वाला पहला विदेशी पोर्टफोलियो निवेशक (FPI) बन गया है। अर्थ ग्लोबल अपॉर्च्युनिटीज फंड, भारत में संकटग्रस्त संपत्तियों और विशेष परिस्थितियों में निवेश करने वाला मॉरीशस मुख्यालय वाला और सेबी में पंजीकृत फंड है, जिसने गिफ्ट सिटी को विश्व स्तरीय अंतरराष्ट्रीय वित्तीय सेवा केंद्र (आईएफएससी) बनाने की पीएम मोदी की महत्वाकांक्षा को देखते हुए यह कदम उठाया है। अर्थ भारत इन्वेस्टमेंट मैनेजर्स आईएफएससी एलएलपी के फाउंडर और मैनेजिंग पार्टनर, सचिन सावरिकर का कहना है कि 2023 में मॉरीशस में वेरिएबल कैपिटल कंपनी (वीसीसी) स्ट्रक्चर के तहत लॉन्च किया गया हमारा रेडियंट कैपिटल ग्लोबल अपॉर्च्युनिटीज इनकॉर्पोरेटेड वीसीसी सब फंड 1, गिफ्ट सिटी में स्थानांतरित करने के लिए, संकटग्रस्त संपत्तियों में विशेषज्ञता वाला पहला सेबी-पंजीकृत कैटेगरी ढ्ढ विदेशी पोर्टफोलियो निवेशक बन गया है। स्थायी प्रतिष्ठान के लिए फंड का यह स्थानांतरण, गिफ्ट सिटी को वैश्विक वित्तीय केंद्र के रूप में स्थापित करने के प्रधान मंत्री मोदी के लक्ष्य के अनुरूप है।
डोमिसाइल के ट्रांसफर के हिस्से के रूप में, रेडियंट कैपिटल ग्लोबल अपॉच्र्युनिटीज वीसीसी सब फंड 1 का अर्थ ग्लोबल अपॉर्च्युनिटीज फंड नाम से एक नव स्थापित, आईएफएससी-पंजीकृत एंटिटी या इकाई में विलय हो जाएगा। यह विशेष परिस्थिति/संकटग्रस्त डेट फंड, इस बदलाव को अंतिम रूप देने के लिए लेंडर्स (ऋणदाताओं) के नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट (एनओसी) का इंतजार कर रहा है। यह फंड, 7 साल के जीवनकाल (प्लांड) के साथ, भारत में एसेट रिकंस्ट्रक्शन कंपनियों (एआरसी) द्वारा जारी सिक्योरिटी रीसिप्ट (एसआर) में निवेश करता है। अर्थ भारत, नॉन-परफॉर्मिंग लोन का प्रतिनिधित्व करने वाले एसआर का सावधानीपूर्वक चयन करता है, जो परिचालन परिसंपत्तियों द्वारा समर्थित होते हैं। ऐसा इसलिए ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि फंड अपने जीवन काल में निवेशकों के लिए रिटर्न हासिल कर सके।
सचिन सावरिकर ने कहा कि अर्थ ग्लोबल अपॉच्र्युनिटीज फंड यूनिट धारकों को निवेश की गई पूंजी पर 5 गुना से अधिक रिटर्न देने की राह पर है, जो असाधारण परिणाम हासिल करने की हमारी क्षमता को दिखाता है। इस फंड का प्रबंधन अर्थ भारत इन्वेस्टमेंट मैनेजर्स आईएफएससी एलएलपी द्वारा किया जाता है, जिसे प्राइवेट इक्विटी इंडस्ट्री के दिग्गज और पूर्व एसबीआई म्यूचुअल फंड इक्विटी फंड मैनेजर सचिन सावरिकर द्वारा प्रमोट किया जाता है। गिफ्ट सिटी के लिए पीएम मोदी के विजन को और अधिक ऊंचाई देने के लिए, अर्थ भारत ने अपने आईएफएससी परिचालन को अपनी विकास योजनाओं का आधार बनाने और 3 नए फंड लॉन्च करने की भी योजना बनाई है। इससे अगले 3 साल के भीतर इसके एसेट अंडर मैनेजमेंट (एयूएम) को 1100 करोड़ रुपये से बढ़ाकर 1 अरब डॉलर करने में मदद मिलेगी। इस फंड की मार्केटिंग विदेशों में रहने वाले अनिवासी भारतीयों (एनआरआई) और भारत में ग्लोबल डाइवर्सिफिकेशन चाहने वाले अल्ट्रा हाई नेट वर्थ इंडिविजुअल्स (यूएचएनआई) में भी किया जाएगा। सचिन सावरिकर का कहना है कि गिफ्ट सिटी में अग्रणी के रूप में, हम जो नए फंड लॉन्च करने की योजना बना रहे हैं, वे हमारे पोर्टफोलियो में और डाइवर्सिफिकेशन लाएंगे और वैश्विक निवेशकों की बढ़ती जरूरतों को पूरा करेंगे।
स्ट्रैटेजिक न्यू फंड 2025 में लॉन्च होगा।
अपने मजबूत ट्रैक रिकॉर्ड के आधार पर, अर्थ भारत ने 2025 में 3 इनोवेटिव फंड पेश करने की योजना बनाई है:
1. हेज फंड (यूएस रिटेल सेक्टर) : यह फंड यूएस रिटेल सेक्टर में लॉन्ग/शॉर्ट पोजीशन लेकर तिमाही आधार पर बाजार रिटर्न से 3त्न -5त्न अधिक रिटर्न हासिल करने का लक्ष्य रखता है।
2. ग्लोबल आर्बिट्रेज फंड : इसे आर्बिट्रेज स्ट्रैटेजीज को लागू कर सालाना आधार पर 8 प्रतिशत -10 प्रतिशत के स्थिर, और कम जोखिम वाले अमेरिकी डॉलर रिटर्न के लिए डिजाइन किया गया है।

