मंगलवार दोपहर भारतीय शेयर बाजार में मजबूत खरीदारी देखने को मिली, जिसके चलते Sensex में 560 अंकों से अधिक की तेजी दर्ज की गई, जबकि Nifty ने कारोबार के दौरान पहली बार 24,000 के महत्वपूर्ण स्तर को पार कर लिया। बाजार में सकारात्मक माहौल के कारण निवेशकों का भरोसा मजबूत बना रहा।
भारतीय इक्विटी सूचकांकों ने मंगलवार को अपनी बढ़त को और मजबूत किया। बाजार की तेजी में मुख्य योगदान उपभोक्ता वस्तु, सूचना प्रौद्योगिकी, ऊर्जा और रियल एस्टेट क्षेत्र के शेयरों का रहा। इन क्षेत्रों में मजबूत खरीदारी के कारण प्रमुख सूचकांक ऊंचे स्तर पर कारोबार करते दिखाई दिए।
बाजार की धारणा को समर्थन देने में भारत वीआईएक्स की अहम भूमिका रही। भारत वीआईएक्स में लगभग 7 प्रतिशत की तेज गिरावट दर्ज की गई, जिससे निवेशकों के बीच अस्थिरता को लेकर चिंता कम हुई। आमतौर पर वीआईएक्स में गिरावट को बाजार के लिए सकारात्मक संकेत माना जाता है क्योंकि इससे निवेशकों का विश्वास बढ़ता है। उपभोक्ता वस्तु क्षेत्र की कंपनियों के शेयरों में अच्छी तेजी देखने को मिली। इसके साथ ही सूचना प्रौद्योगिकी कंपनियों में भी खरीदारी का रुझान मजबूत रहा, जिससे बाजार को अतिरिक्त सहारा मिला। ऊर्जा और रियल एस्टेट क्षेत्र ने भी बाजार की बढ़त में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
हालांकि, व्यापक बाजार पर धातु क्षेत्र के शेयरों का दबाव बना रहा। धातु कंपनियों के शेयरों में कमजोरी के कारण कुछ हिस्सों में बिकवाली देखने को मिली, जिससे बाजार की कुल तेजी पर सीमित असर पड़ा। इसके बावजूद प्रमुख सूचकांकों ने मजबूत प्रदर्शन जारी रखा। विशेषज्ञों का मानना है कि घरेलू निवेशकों की लगातार भागीदारी, वैश्विक संकेतों में सुधार और विभिन्न क्षेत्रों में मजबूत खरीदारी भारतीय शेयर बाजार को सहारा दे रही है। यदि यह रुझान आगे भी जारी रहता है, तो आने वाले कारोबारी सत्रों में बाजार नई ऊंचाइयों को छू सकता है।

