CSR पर बड़ा निवेश
देश की प्रमुख कोयला खनन कंपनी Coal India Limited (CIL) ने Corporate Social Responsibility (CSR) के क्षेत्र में अपनी मजबूत भागीदारी दर्ज कराई है। कंपनी का सालाना CSR खर्च अब करीब 1,000 करोड़ रुपये के स्तर तक पहुंच गया है। कंपनी की ओर से जारी आधिकारिक बयान के अनुसार, CIL देश के बड़े CSR खर्च करने वाले Corporate में शामिल हो गई है।
कानूनी सीमा से अधिक खर्च
Coal India Limited ने Financial Year 2014-15 से FY 2025-26 के बीच CSR गतिविधियों पर कुल 7,276 करोड़ रुपये खर्च किए हैं, जबकि निर्धारित वैधानिक आवश्यकता 5,795 करोड़ रुपये थी। कंपनी ने लगातार हर वर्ष अपनी CSR जिम्मेदारी को तय सीमा से अधिक पूरा किया है।
स्थानीय क्षेत्रों पर विशेष ध्यान
Company Act, 2013 के तहत CSR खर्च की व्यवस्था लागू होने के बाद CIL ने अपने CSR कार्यक्रमों को अधिक प्रभावी बनाया। कंपनी अपने वार्षिक CSR खर्च का 80 प्रतिशत से अधिक हिस्सा खदानों और प्रतिष्ठानों के 25 किलोमीटर क्षेत्र में विकास कार्यों पर खर्च करती है। इसका मुख्य उद्देश्य Project Affected Areas और Coal Bearing States में रहने वाले लोगों को सीधा लाभ पहुंचाना है।
शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र में योगदान
CIL ने Swachh Vidyalaya Abhiyan के तहत सरकारी स्कूलों में 50,000 से अधिक शौचालयों का निर्माण कराया। इसके अलावा Covid-19 के दौरान PM-CARES Fund में योगदान, Odisha और Chhattisgarh में Healthcare Facilities तथा “Mission Praana Vayu” के तहत Oxygen Plants स्थापित किए गए। कंपनी की Scholarship Schemes से 2,500 से अधिक बच्चों को सहायता मिली है।
रोजगार और कौशल विकास को बढ़ावा
CSR के अंतर्गत Project PRAGATI, Tribal Women Poultry Support और Multi-Skill Training जैसे कार्यक्रमों से पिछले चार वर्षों में 48,000 से अधिक लोगों को लाभ मिला है। Jharkhand Government के साथ संचालित Khelgaon Sports Academy ने 1,800 से अधिक Medals हासिल किए हैं, जिनमें 15 International Level Medals शामिल हैं।
3.56 करोड़ लोगों तक पहुंचा CSR अभियान
Coal India Limited के CSR प्रयासों से अब तक लगभग 3.56 करोड़ लोगों को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से लाभ मिला है। इनमें SC/ST Communities, Women और Persons with Disabilities जैसे वर्गों की बड़ी भागीदारी रही है। कंपनी के CSR कार्य Health, Education, Gender Equality, Clean Water और Poverty Alleviation जैसे Sustainable Development Goals (SDGs) को आगे बढ़ाने में योगदान दे रहे हैं।

