नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 10 June 2026 को एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल करते हुए लगातार 4,399 दिन तक प्रधानमंत्री पद पर कार्य करने का रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया। इसके साथ ही वह भारत के सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले निर्वाचित प्रधानमंत्री बन गए हैं। केंद्रीय मंत्रियों ने इस उपलब्धि को देश की जनता के भरोसे, मजबूत नेतृत्व और पिछले 12 वर्षों में हुए व्यापक विकास कार्यों का प्रमाण बताया है।
केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने इस अवसर को ऐतिहासिक दिन बताते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पिछले 12 वर्षों के दौरान ऐसे परिवर्तनकारी सुधार लागू किए गए, जिन्होंने भारत की विकास यात्रा को नई दिशा प्रदान की है। उन्होंने कहा कि किसानों, उद्यमियों, महिलाओं, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों, युवाओं तथा मध्यम वर्ग के लिए शुरू की गई विभिन्न योजनाओं का लाभ देश के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचा है। इन पहलों ने देशभर में करोड़ों लोगों को सशक्त बनाने का कार्य किया है। वित्त एवं कॉर्पोरेट कार्य मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का कार्यकाल चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में निर्णायक नेतृत्व का उदाहरण रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार ने “सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास, सबका प्रयास” के मंत्र पर चलते हुए विकास का लाभ प्रत्येक नागरिक तक पहुंचाने का प्रयास किया है। उनके अनुसार राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन सरकार ने अभूतपूर्व गति और व्यापक स्तर पर अनेक महत्वपूर्ण सुधारों और योजनाओं को लागू किया है।
पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि यह उपलब्धि 140 करोड़ भारतीयों के विश्वास और प्रधानमंत्री मोदी की “राष्ट्र प्रथम” सोच का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि पिछले 12 वर्षों में भारत ने उल्लेखनीय बदलाव देखा है। जो लक्ष्य कभी केवल आकांक्षा हुआ करते थे, वे अब उपलब्धियों में बदलते दिखाई दे रहे हैं। महिला सशक्तिकरण, युवा विकास, किसान कल्याण और वैश्विक मंच पर भारत की बढ़ती प्रतिष्ठा इसके प्रमुख उदाहरण हैं। पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने 12 वर्षों का कार्यकाल पूरा कर एक ऐतिहासिक पड़ाव हासिल किया है। उन्होंने कहा कि इस अवधि में देश ने आर्थिक विकास, डिजिटल परिवर्तन, आधारभूत संरचना विस्तार, सामाजिक सशक्तिकरण और वैश्विक प्रभाव के क्षेत्रों में उल्लेखनीय प्रगति दर्ज की है।
उन्होंने सरकार की प्रमुख योजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि स्वच्छ भारत मिशन, स्मार्ट सिटीज मिशन, प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना, मेट्रो रेल विस्तार, उड़ान योजना तथा उज्ज्वला योजना जैसी पहलें समावेशी विकास और नागरिक कल्याण के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाती हैं। उनका कहना था कि “विकसित भारत” का लक्ष्य केवल वर्ष 2047 तक विकसित राष्ट्र बनना नहीं है, बल्कि प्रत्येक नागरिक को सम्मान, अवसर और बेहतर भविष्य प्रदान करना भी है। केंद्रीय मंत्रियों ने यह भी रेखांकित किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व को लगातार चुनावी जनादेशों के माध्यम से जनता का समर्थन मिलता रहा है। उनका मानना है कि प्रधानमंत्री की दूरदर्शी सोच और विकास केंद्रित नीतियां भारत को वर्ष 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने की दिशा में मार्गदर्शन करती रहेंगी।

