बैंकिंग सेवाएं प्रभावित: देशभर में शुक्रवार, 11 सितंबर 2026 को United Forum of Bank Unions (UFBU) की राष्ट्रव्यापी हड़ताल के कारण बैंकिंग सेवाएं प्रभावित हुईं। बैंक यूनियनों ने 5-Day Workweek लागू करने और लंबित वेतन से जुड़े मुद्दों के समाधान सहित कई मांगों को लेकर यह हड़ताल बुलाई है।
शाखाओं में कामकाज बाधित: UFBU सात बैंक यूनियनों का प्रतिनिधित्व करता है और इसके दायरे में करीब 90 प्रतिशत बैंक अधिकारी एवं कर्मचारी आते हैं। हड़ताल के चलते कई Public Sector Banks की शाखाएं पूरी तरह या आंशिक रूप से बंद रहीं। कुछ निजी बैंकों में भी कामकाज प्रभावित होने की खबर है।
लेनदेन पर असर: कई शाखाओं में नकद जमा और निकासी, चेक क्लियरेंस तथा प्रशासनिक कार्य प्रभावित हुए। हालांकि UPI, Internet Banking जैसी Digital Banking सेवाएं सामान्य रूप से उपलब्ध रहीं। ग्राहकों को शाखा से जुड़े जरूरी काम पहले से निपटाने की सलाह दी गई है।
5-Day Workweek की मांग: बैंक यूनियनों की प्रमुख मांग है कि शनिवार को भी अवकाश घोषित किया जाए। यूनियनों का कहना है कि 12th Bipartite Settlement, जिसे मार्च 2024 में Indian Banks’ Association के साथ समझौते के रूप में स्वीकार किया गया था, में पांच दिवसीय कार्य सप्ताह का प्रावधान था, लेकिन इसे लागू करने के लिए अब तक सरकारी अधिसूचना जारी नहीं हुई है।
पेंशन सुधार भी मांगों में: यूनियनों ने पेंशन लाभों में सुधार, सभी पेंशनभोगियों के लिए समान Dearness Allowance फॉर्मूला और National Pension System के तहत आने वाले कर्मचारियों को Old Pension Scheme में जाने का विकल्प देने की मांग भी उठाई है।
सितंबर में फिर हड़ताल: बैंकिंग यूनियनों ने अगस्त में घोषणा की थी कि सितंबर की पहली हड़ताल के बाद 28 से 30 सितंबर तक तीन दिवसीय हड़ताल भी की जाएगी। सितंबर के अंत में 26 सितंबर को चौथा शनिवार और 27 सितंबर को रविवार होने के कारण बैंकिंग सेवाओं पर असर और बढ़ सकता है।

