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2013 से अब तक 26775 जि़ंदगियाँ बचाई: JECRC आशाएं ने Felicitation Day पर मानवता का सम्मान किया

by Business Remedies
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बिजऩेस रेमेडीज/जयपुर JECRC Foundation के छात्र-नेतृत्व वाले क्लब ‘आशाएं – द लाइफ सेवियर्स’ द्वारा प्रतिवर्ष आयोजित होने वाला ‘सम्मान दिवस’ समारोह इस वर्ष भी पूरे उल्लास और उमंग के साथ मनाया गया। इस समारोह का उद्देश्य उन समर्पित रक्त एवं एसडीपी दाताओं का सम्मान करना था, जिन्होंने वर्षभर अपने अनमोल योगदान से अनगिनत जि़ंदगियों को बचाया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में ब्रिगेडियर अजॉय शर्मा (मुख्यालय, दक्षिण-पश्चिमी कमान), डॉ. प्रदीप चौधरी (संयुक्त निदेशक, राजस्थान राज्य एड्स नियंत्रण संस्था) तथा गरिमा भाटी (सहायक निदेशक, युवा कार्य, राजस्थान राज्य एड्स नियंत्रण संस्था) उपस्थित रहे। इन विशिष्ट अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति ने समारोह को अत्यंत विशेष बना दिया। इस वर्ष ‘आशाएं’ ने अब तक 2740 यूनिट रक्तदान तथा 130 विशिष्ट रक्तदाताओं एवं 80 विशिष्ट एकल प्लेटलेट दाताओं का सफल आयोजन किया। ‘सम्मान दिवस’ के अवसर पर 80 रक्तदाताओं एवं 50 एसडीपी दाताओं को स्मृति-चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया। समारोह की सबसे प्रमुख उपलब्धि रही ‘आशाए’ की आधिकारिक वेबसाइट का शुभारंभ। इसके साथ ही डॉ. प्रदीप चौधरी द्वारा जेसीआरसी “आशाएं” और “रेड रिबन” के मध्य औपचारिक सहयोग पर हस्ताक्षर किए गए, जिससे सम्पूर्ण राज्य में रक्तदान अभियानों को नई दिशा प्राप्त होगी। ‘आशाएं’ की स्थापना 2013 में कुछ विद्यार्थियों द्वारा की गई थी और अब तक यह संस्था 23625 रक्तदान और 3150 एकल प्लेटलेट दान सफलतापूर्वक करवा चुकी है। संस्था का उद्देश्य आने वाले समय में सम्पूर्ण राजस्थान में अपनी सेवाओं का विस्तार करना है।
JECRC  के डायरेक्टर, अर्पित अग्रवाल ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि, ‘हम न केवल शैक्षिक क्षेत्र में बल्कि समाजिक दायित्वों को निभाने में भी अग्रणी हैं। हमारे काम और समाज के प्रति समर्पण से कई अन्य संस्थान प्रेरित होते हैं और हमें अपनी दिशा में मार्गदर्शन के रूप में मानते हैं। हमारे संस्थान की समाजिक सरोकारों के प्रति प्रतिबद्धता यह जताती है कि हमारा उद्देश्य सिर्फ ज्ञान का प्रचार नहीं, बल्कि समाज की सेवा और बदलाव लाना भी है, और हम इस दिशा में निरंतर अग्रसर हैं।’ कार्यक्रम का समापन जोश, प्रेरणा एवं मानवीय सेवा की भावना के साथ हुआ, जहाँ सभी उपस्थित सदस्य एवं दाता एक बार पुन: इस पुण्य कार्य को आगे बढ़ाने के लिए प्रेरित हुए।

 



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