रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचा निवेश
New Delhi: भारत के Real Estate Sector में वर्ष 2026 की पहली छमाही के दौरान Equity Capital Inflows रिकॉर्ड $8.5 Billion तक पहुंच गया। यह अब तक का सबसे अधिक Half-Yearly Investment है और पिछले वर्ष की समान अवधि के मुकाबले 32 प्रतिशत की वृद्धि दर्शाता है। CBRE South Asia की Report के अनुसार, Land और Development Site की खरीद के साथ Built-up Office Assets में बढ़ती निवेश गतिविधियों ने इस तेजी को मजबूती दी है।
दूसरी छमाही में भी तेजी की उम्मीद
CBRE के Chairman और CEO Anshuman Magazine ने कहा कि Domestic Investors ने Sector की Long-Term Growth संभावनाओं पर मजबूत भरोसा बनाए रखा है। Global परिस्थितियों में स्थिरता आने के बाद वर्ष की दूसरी छमाही में चुनिंदा Foreign Capital के दोबारा सक्रिय होने की संभावना है। उनके अनुसार, यह प्रदर्शन भारत के Real Estate Capital Market की मजबूती और गहराई को दर्शाता है।
Q2 में आया $3.4 Billion Capital
April से June 2026 के बीच कुल Capital Inflows $3.4 Billion रहा, जो Annual Basis पर लगभग स्थिर रहा। इस दौरान Land या Development Sites और Built-up Office Assets की कुल Equity Investment में करीब 94 प्रतिशत हिस्सेदारी रही। Developers ने लगभग 34 प्रतिशत निवेश के साथ बढ़त बनाई, जबकि Domestic Institutional Investors की हिस्सेदारी करीब 32 प्रतिशत रही।
तीन शहरों में केंद्रित रहा निवेश
Bengaluru, Delhi-NCR और Mumbai ने Q2 के कुल निवेश में लगभग 60 प्रतिशत की संयुक्त हिस्सेदारी दर्ज की। Domestic Investors का कुल Inflows में हिस्सा करीब 92 प्रतिशत रहा। Land Acquisition में आए Capital का 88 प्रतिशत से अधिक हिस्सा Residential और Office Development Projects में लगाया गया।
Institutional Investment में उछाल
CBRE के Managing Director Gaurav Kumar ने कहा कि Core Assets में मजबूत Institutional Investment और Land Transactions में तेज गतिविधियां जारी हैं। Global Investors और Domestic Players सभी Asset Classes में अपने Real Estate Portfolio का विस्तार करने पर जोर दे रहे हैं।

