Thursday, March 5, 2026 |
Home » भारत की GDP Growth दर वित्त वर्ष 25 की चौथी तिमाही में 7.6त्न रहने की संभावना: SBI Research

भारत की GDP Growth दर वित्त वर्ष 25 की चौथी तिमाही में 7.6त्न रहने की संभावना: SBI Research

by Business Remedies
0 comments
India's GDP growth rate likely to be 7.6% in Q4 FY25: SBI Research

बिजनेस रेमेडीज/नई दिल्ली (आईएएनएस)। एसबीआई रिसर्च ने कहा कि वित्त वर्ष 25 में जीडीपी विकास दर 6.5 प्रतिशत रहने का अनुमान है। वहीं, चौथी तिमाही में विकास दर 7.6 प्रतिशत रह सकती है। यह जानकारी एसबीआई रिसर्च द्वारा शनिवार को दी गई। एसबीआई रिसर्च रिपोर्ट में कहा गया कि मई 2025 को जारी होने वाले तिमाही जीडीपी आंकड़ों में हम संशोधन देख सकते हैं। रिपोर्ट के अनुसार, वित्त वर्ष 2023-24 की रियल जीडीपी वृद्धि दर 9.2 प्रतिशत रही है, जो कि बीते 12 वर्षों में (वित्त वर्ष 2021-22 को छोडक़र) सबसे अधिक है। कोरोना के बाद अर्थव्यवस्था में आई रिकवरी के कारण वित्त वर्ष 2021-22 में जीडीपी ग्रोथ 9.7 प्रतिशत पर रही थी, जो कि आजादी के बाद रिकॉर्ड की गई सबसे अधिक वृद्धि दर है। भारत ने वित्त वर्ष 2025 की तीसरी तिमाही में 6.2 प्रतिशत की जीडीपी वृद्धि दर्ज की है, जो वित्त वर्ष 2025 की दूसरी तिमाही में देखी गई 5.6 प्रतिशत की वृद्धि से बेहतर रही है। चालू वित्त वर्ष की अक्टूबर-दिसंबर तिमाही में मैन्युफैक्चरिंग गतिविधियों में तेज वृद्धि देखी गई है और ग्रॉस वैल्यू एडेड (जीवीए) में 6.2 प्रतिशत का उछाल देखा गया है, जो कि वित्त वर्ष 25 की दूसरी तिमाही में 5.8 प्रतिशत पर था।

वित्त वर्ष 23 और वित्त वर्ष 24 की रियल जीडीपी वृद्धि दर को क्रमश: 62 आधार अंक और 104 आधार अंक से बढ़ाया गया है। इसके अलावा वित्त वर्ष 24 के तिमाही जीडीपी आंकड़ों में भी संशोधन किया गया है। वित्त वर्ष 24 की पहली तिमाही की जीडीपी वृद्धि दर को 142 आधार अंक बढ़ाकर 9.7 प्रतिशत कर दिया गया है। दूसरी तिमाही की जीडीपी वृद्धि दर को 126 आधार अंक बढ़ाकर 9.3 प्रतिशत, तीसरी तिमाही की जीडीपी वृद्धि दर को 94 आधार अंक बढ़ाकर 9.5 प्रतिशत और चौथी तिमाही की जीडीपी वृद्धि दर को 60 आधार अंक बढ़ाकर 8.4 प्रतिशत कर दिया गया है।
हालांकि, नए संशोधन में चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही की जीडीपी वृद्धि दर को 13 आधार अंक कम करके 6.5 प्रतिशत और दूसरी तिमाही की जीडीपी वृद्धि दर को 22 आधार अंक बढ़ाकर 5.6 प्रतिशत कर दिया है। वित्त वर्ष 25 की तीसरी तिमाही में कृषि और इससे जुड़े क्षेत्र का प्रदर्शन काफी शानदार रहा और इसमें 5.6 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई।
इसकी वजह खरीफ फसलों की बंपर पैदावर थी।

औद्योगिक क्षेत्र में भी उछाल आया और वित्त वर्ष 2025 की तीसरी तिमाही में 4.5 प्रतिशत की वृद्धि हुई है, जिसका श्रेय विनिर्माण क्षेत्र में मजबूत वृद्धि (3.5 प्रतिशत) को जाता है।
बिजली, गैस, जलापूर्ति और अन्य उपयोगिता सेवाओं तथा खनन और उत्खनन दोनों में क्रमश: 5.1 प्रतिशत और 1.4 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।



You may also like

Leave a Comment