भारतीय शेयर बाजार में July 13,2026 को कारोबार की शुरुआत कमजोरी के साथ हुई। लगातार दो कारोबारी सत्रों की तेजी के बाद सोमवार को बाजार में मुनाफावसूली और व्यापक बिकवाली देखने को मिली। सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र को छोड़कर लगभग सभी प्रमुख सेक्टरों के शेयरों पर दबाव बना रहा, जिसके कारण प्रमुख सूचकांक शुरुआती कारोबार में गिरावट के साथ खुले।
सुबह 09:21 बजे ( IST ) तक Sensex 612.30 अंकों यानी 0.79 प्रतिशत की गिरावट के साथ 76,957.09 पर कारोबार कर रहा था। वहीं Nifty 173.90 अंकों यानी 0.72 प्रतिशत टूटकर 24,033.00 पर पहुंच गया। कारोबार की शुरुआत में ही Nifty 24,100 के महत्वपूर्ण स्तर से नीचे फिसल गया, जिससे निवेशकों की सतर्कता बढ़ गई। बाजार की चौड़ाई भी कमजोर रही। शुरुआती कारोबार में 1,216 शेयरों में तेजी दर्ज की गई, जबकि 1,706 शेयर गिरावट के साथ कारोबार करते दिखाई दिए। इसके अलावा 206 शेयरों में कोई बदलाव नहीं हुआ। यह संकेत देता है कि बाजार में बिकवाली का दबाव अधिकांश कंपनियों के शेयरों पर देखने को मिला।
मध्यम आकार और छोटी कंपनियों के शेयर भी दबाव में रहे। Nifty Midcap और Nifty Smallcap दोनों सूचकांकों में लगभग 0.40 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। इससे स्पष्ट है कि केवल बड़ी कंपनियों ही नहीं बल्कि व्यापक बाजार में भी निवेशकों ने बिकवाली को प्राथमिकता दी। सेक्टोरल प्रदर्शन की बात करें तो सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र के शेयरों ने अपेक्षाकृत बेहतर प्रदर्शन किया, जबकि अन्य अधिकांश क्षेत्रों में कमजोरी बनी रही। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक संकेतों, निवेशकों की सतर्कता और मुनाफावसूली के कारण शुरुआती कारोबार में दबाव देखने को मिला।
व्यक्तिगत शेयरों में जस्ट डायल के शेयरों में लगभग 11 प्रतिशत की तेज बढ़त दर्ज की गई, जिससे यह शुरुआती कारोबार के प्रमुख बढ़त वाले शेयरों में शामिल रहा। दूसरी ओर इंटरग्लोब एविएशन ( इंडिगो ) के शेयरों में गिरावट देखने को मिली, जिससे विमानन क्षेत्र के शेयरों पर दबाव बना रहा। विशेषज्ञों के अनुसार यदि दिन के दौरान खरीदारी नहीं लौटती है तो बाजार में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है। निवेशकों की नजर अब घरेलू और वैश्विक संकेतों के साथ कंपनियों के तिमाही नतीजों पर भी रहेगी, जो आने वाले कारोबारी सत्रों में बाजार की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।

