बिजनेस रेमेडीज/नई दिल्ली। बांग्लादेश का राजनीतिक संकट भारत के कपड़ा और परिधान क्षेत्र के लिए, विशेष रूप से पड़ोसी देश में कारखाने चलाने वाली कंपनियों के लिए, ‘महत्वपूर्ण चिंता’ उत्पन्न कर रहा है। भारतीय कपड़ा उद्योग परिसंघ (सिटी) ने यह जानकारी दी। घरेलू कपड़ा उद्योग निकाय का मानना है कि बांग्लादेश में किसी भी आपूर्ति व्यवधान का आपूर्ति श्रृंखला पर तत्काल प्रभाव पड़ेगा, जिससे संभावित रूप से भारतीय कंपनियों का उत्पादन कार्यक्रम और आपूर्ति समयसीमा प्रभावित होगी।
भारतीय कपड़ा उद्योग परिसंघ (सीआईटीआई या सिटी) की महासचिव चंद्रिमा चटर्जी ने कहा, ‘‘बांग्लादेश में स्थिति वास्तव में चिंताजनक है, और हम घटनाक्रम पर बारीकी से नजऱ रख रहे हैं। कपड़ा क्षेत्र में बांग्लादेश का विकास प्रेरणादायक रहा है और इसने पूरे उपमहाद्वीप में व्यापार प्रवाह को मज़बूती दी है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘हम आपूर्ति श्रृंखला पर होने वाले प्रभाव और इसके कारण होने वाली संभावित देरी और व्यवधानों के बारे में चिंतित हैं, लेकिन हमें उम्मीद है कि स्थिति जल्द ही सुधर जाएगी।’’
‘सिटी’ के अनुसार, देश में विनिर्माण संचालन वाली भारतीय कंपनियों को अपने उत्पादन प्रवाह को बनाए रखने में चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है, जिससे बाज़ार में देरी और संभावित कमी हो सकती है। यह व्यवधान उत्पादों की उपलब्धता को प्रभावित कर सकता है और कंपनियों को प्रभाव को कम करने के लिए वैकल्पिक विनिर्माण समाधान तलाशने के लिए मजबूर कर सकता है। ‘सिटी’ ने कहा, ‘‘बांग्लादेश में अनिश्चितताओं के बीच वैकल्पिक विनिर्माण केंद्रों की ओर पहले से ही एक उल्लेखनीय बदलाव देखने को मिल रहा है।’’

