मुंबई से आई ताज़ा खबर के अनुसार इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहन बनाने वाली कंपनी एथर एनर्जी ने वित्त वर्ष 2026 की चौथी तिमाही (Q4) में अपने शुद्ध घाटे में क्रमिक बढ़ोतरी दर्ज की है। कंपनी का घाटा बढ़कर ₹.100.23 करोड़ हो गया, जो पिछली तिमाही Q3 में ₹.84.64 करोड़ था। हालांकि सालाना आधार पर कंपनी के प्रदर्शन में सुधार देखने को मिला है। पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में कंपनी का घाटा ₹.234.36 करोड़ था, जो अब घटकर 57 प्रतिशत कम हो गया है।
कंपनी की मुख्य परिचालन से होने वाली आय में जबरदस्त उछाल आया है। Q4 में राजस्व 74 प्रतिशत बढ़कर ₹.1,174.66 करोड़ हो गया, जो एक साल पहले इसी अवधि में ₹.676 करोड़ था। इस वृद्धि का मुख्य कारण मजबूत मांग और सर्विस नेटवर्क का विस्तार रहा। कंपनी ने बताया कि उसका प्रदर्शन बुनियादी विकास कारकों और बाजार में बढ़ती पहुंच से मजबूत हुआ है।
तिमाही के दौरान कुल खर्च भी बढ़कर ₹.1,314 करोड़ हो गया, जो पिछले वर्ष ₹.922.15 करोड़ था, यानी इसमें 42 प्रतिशत की वृद्धि हुई। इसके बावजूद प्रति इक्विटी शेयर घाटा कम होकर ₹.2.62 रह गया, जो पिछले साल इसी अवधि में ₹.8.93 था। इलेक्ट्रिक वाहन निर्माता कंपनी ने पूरे वित्त वर्ष में अपने भौतिक और चार्जिंग नेटवर्क का तेजी से विस्तार जारी रखा। अप्रैल 2026 तक कंपनी ने देशभर में अपने एक्सपीरियंस सेंटर की संख्या बढ़ाकर 700 से अधिक कर दी है।
चार्जिंग नेटवर्क की बात करें तो कंपनी ने 395 से अधिक शहरों में 5,000 से ज्यादा सार्वजनिक चार्जर उपलब्ध कराए हैं, जिनमें से 3,675 से अधिक फास्ट चार्जर कंपनी खुद संचालित करती है। Stock Market के अनुसार नतीजों के बाद सोमवार को NSE पर कंपनी के शेयर 1.87 प्रतिशत गिरकर ₹.917.40 पर कारोबार कर रहे थे, जबकि पिछले सत्र में यह ₹.934.85 पर बंद हुए थे।




