देश के शेयर बाजार में आज कारोबार की शुरुआत कमजोरी के साथ हुई। शुरुआती सत्र में Sensex करीब 700 अंक टूट गया, जबकि Nifty 23,300 के स्तर से नीचे फिसल गया। वैश्विक संकेतों की कमजोरी और प्रमुख क्षेत्रों में बिकवाली के चलते बाजार पर दबाव देखने को मिला। Stock Market के अनुसार, सभी क्षेत्रीय सूचकांक लाल निशान में कारोबार कर रहे हैं। सबसे अधिक दबाव सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र पर देखने को मिला, जहां क्षेत्रीय सूचकांक करीब 3 प्रतिशत की गिरावट के साथ कारोबार कर रहा है। इसके अलावा रियल एस्टेट और बैंकिंग क्षेत्र के शेयरों में भी बिकवाली का माहौल बना हुआ है।
Nifty में सबसे अधिक गिरावट दर्ज करने वाले शेयरों में टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज, एचसीएल टेक्नोलॉजीज, इंफोसिस, टेक महिंद्रा और इटरनल शामिल रहे। इन कंपनियों के शेयरों में कमजोरी के कारण बाजार की धारणा प्रभावित हुई और प्रमुख सूचकांकों पर दबाव बढ़ा। वहीं दूसरी ओर कुछ चुनिंदा शेयरों में मजबूती भी देखने को मिली। भारती एयरटेल, अडानी पोर्ट्स, अपोलो हॉस्पिटल्स, ओएनजीसी और कोल इंडिया के शेयर हरे निशान में कारोबार करते नजर आए। हालांकि इन शेयरों की तेजी व्यापक बिकवाली के असर को कम करने में पर्याप्त साबित नहीं हुई।
मध्यम आकार की कंपनियों का प्रदर्शन भी कमजोर रहा। Nifty मिडकैप सूचकांक में 0.7 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई, जबकि स्मॉलकैप सूचकांक 0.4 प्रतिशत नीचे कारोबार करता दिखाई दिया। इससे संकेत मिलता है कि केवल बड़ी कंपनियों के शेयर ही नहीं बल्कि व्यापक बाजार में भी निवेशकों का रुझान कमजोर बना हुआ है। विश्लेषकों का मानना है कि निवेशक फिलहाल वैश्विक आर्थिक परिस्थितियों, ब्याज दरों से जुड़े संकेतों और विदेशी निवेशकों की गतिविधियों पर नजर बनाए हुए हैं। इसी वजह से बाजार में सतर्कता का माहौल बना हुआ है और निवेशक बड़े निवेश निर्णय लेने से बच रहे हैं।

