सेंसेक्स लाल निशान में बंद, मिडकैप और स्मॉलकैप में रही खरीदारी
भारतीय शेयर बाजार में सोमवार को मिलाजुला रुख देखा गया। कारोबार के अंत में सेंसेक्स 118.96 अंक या 0.15 प्रतिशत की गिरावट के साथ 81,785.74 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 44.80 अंक या 0.18 प्रतिशत कमजोर होकर 25,069.20 पर रहा। लार्जकैप शेयरों में हल्की कमजोरी देखने को मिली, वहीं मिडकैप और स्मॉलकैप इंडेक्स में निवेशकों की खरीदारी रही।
निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 258.90 अंक या 0.44 प्रतिशत की तेजी के साथ 58,486.10 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 137.10 अंक या 0.76 प्रतिशत बढ़कर 18,127 पर रहा। यह दर्शाता है कि निवेशक बड़े शेयरों के मुकाबले मिड और स्मॉल कैप सेक्टर में अवसर तलाश रहे हैं।
सेक्टोरल प्रदर्शन की बात करें तो पीएसयू बैंक, फाइनेंशियल सर्विसेज, मेटल, रियल्टी, एनर्जी, प्राइवेट बैंक और इन्फ्रा हरे निशान में बंद हुए। इसके विपरीत ऑटो, आईटी, फार्मा, एफएमसीजी, कंज्यूम्प्शन और सर्विसेज सेक्टर लाल निशान में रहे। इस प्रकार निवेशकों की रुचि विशेष रूप से बैंकों, ऊर्जा और इंफ्रास्ट्रक्चर क्षेत्र में अधिक रही।
सेंसेक्स के प्रमुख गेनर्स में बजाज फाइनेंस, जोमैटो, अल्ट्राटेक सीमेंट, एलएंडटी, अदाणी पोर्ट्स, भारती एयरटेल, बजाज फिनसर्व, एसबीआई, ट्रेंट और आईसीआईसीआई बैंक शामिल हैं। वहीं एमएंडएम, एशियन पेंट्स, इन्फोसिस, टाइटन, सन फार्मा, टीसीएस, टेक महिंद्रा और टाटा स्टील इस दिन के प्रमुख लूजर्स रहे।
आशिका इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज ने बाजार की धारणा पर टिप्पणी करते हुए कहा कि शुरुआत में भारतीय इक्विटी बाजारों में सपाट रुख देखने को मिला, लेकिन अंतिम कारोबारी घंटों में बिकवाली का दबाव बढ़ा। इस सप्ताह के अंत में अमेरिकी फेडरल रिजर्व की नीति घोषणा और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एवं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच अपेक्षित व्यापार वार्ता से पहले निवेशकों ने सतर्क रुख अपनाया।
घरेलू आर्थिक मोर्चे पर अगस्त 2025 में भारत के थोक महंगाई दर में सालाना आधार पर 0.52 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई, जो बाजार की 0.30 प्रतिशत की उम्मीद से अधिक थी। यह संकेत देता है कि मुद्रास्फीति में हल्की बढ़त देखने को मिली है, जबकि जुलाई में यह -0.58 प्रतिशत पर था। इससे यह भी संकेत मिलता है कि बाजार को आर्थिक डेटा के आधार पर सावधानी बरतनी पड़ रही है।
भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत भी मिलाजुली रही। सुबह 9:22 बजे सेंसेक्स 40.18 अंक या 0.05 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 81,864.52 पर था, जबकि निफ्टी 20.75 अंक या 0.08 प्रतिशत की गिरावट के साथ 25,094.55 पर कारोबार कर रहा था। दिन के दौरान बाजार में उतार-चढ़ाव देखने को मिला, लेकिन अंत में मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में खरीदारी ने कुछ सकारात्मक संकेत दिए।
विश्लेषकों का मानना है कि निवेशक इस समय सतर्क हैं, खासकर बड़े इवेंट्स जैसे अमेरिकी फेडरल रिजर्व की नीति घोषणा और भारत-अमेरिका व्यापार वार्ता के मद्देनजर। ऐसे समय में मिड और स्मॉलकैप में निवेशक अवसर तलाश रहे हैं, जबकि बड़े शेयरों में थोड़ी कमजोरी बनी हुई है।
इस प्रकार, सोमवार का कारोबार मिलाजुला रहा। बाजार ने लार्जकैप में कमजोरी और मिड-स्केल शेयरों में मजबूती का संकेत दिया, जो निवेशकों की रणनीति और आर्थिक डेटा पर निर्भर करता है।

