नई दिल्ली से आई ताज़ा खबर के अनुसार सरकार ने कहा है कि लीबिया में भारतीय तेल विपणन कंपनियों द्वारा हाल ही में की गई तेल और गैस की खोज देश की ऊर्जा कंपनियों की वैश्विक स्तर पर बढ़ती पकड़ को दर्शाती है। इस खोज में ऑयल इंडिया लिमिटेड और इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन लिमिटेड ने स्थानीय ऑपरेटर के साथ मिलकर भाग लिया।
पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर इस उपलब्धि के लिए कंपनियों को बधाई दी। यह खोज अल्जीरिया की कंपनी के संचालन में एक भारतीय समूह के साथ मिलकर गडामेस बेसिन क्षेत्र में की गई। मंत्रालय के अनुसार यह खोज “कॉन्ट्रैक्ट एरिया 95/96” में हुई, जहां कुएं की खुदाई 8,440 फीट की अंतिम गहराई तक की गई। परीक्षण के दौरान इस कुएं से प्रतिदिन लगभग 13 मिलियन क्यूबिक फीट गैस और 327 बैरल कंडेनसेट का उत्पादन दर्ज किया गया, जो अविनत वानिन और अविन काजा संरचनाओं से प्राप्त हुआ।
सरकार ने इस खोज को रणनीतिक अंतरराष्ट्रीय साझेदारी का महत्वपूर्ण उदाहरण बताया और कहा कि यह भारत की ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करने के प्रयासों को दर्शाता है। विदेशों में ऊर्जा संपत्तियों के अधिग्रहण के जरिए भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने की दिशा में लगातार आगे बढ़ रहा है। सरकार ने यह भी उम्मीद जताई कि यह समूह भविष्य में इस संपत्ति से और अधिक मूल्य निकालने में सफल होगा और यह खोज भारत की वैश्विक ऊर्जा उपस्थिति के लिए एक सकारात्मक संकेत है।
इससे पहले इसी महीने बजट सत्र के दौरान सरकार ने बताया था कि वर्ष 2030 तक देश में कच्चे तेल का घरेलू उत्पादन बढ़ाकर 35 मिलियन मीट्रिक टन करने का लक्ष्य रखा गया है, जो वर्तमान में लगभग 29 मिलियन टन है। इसका उद्देश्य देश में पेट्रोलियम उत्पादों की बढ़ती मांग को पूरा करना है। केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा था कि सरकार घरेलू उत्पादन बढ़ाने और कच्चे तेल के आयात पर निर्भरता कम करने के लिए कई कदम उठा रही है। इनमें हाइड्रोकार्बन खोज के जल्द व्यावसायीकरण की नीतियां, छोटे खोजे गए क्षेत्रों की नीति और उत्पादन साझेदारी अनुबंधों का विस्तार शामिल है।
Stock Market Update: मंगलवार को ऑयल इंडिया लिमिटेड के शेयरों में 4 प्रतिशत से अधिक की बढ़त दर्ज की गई और यह बीएसई पर इंट्राडे में ₹.497 तक पहुंच गया। वहीं इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन लिमिटेड के शेयर ₹.145 पर लगभग स्थिर रहे, जिसमें 0.3 प्रतिशत की गिरावट देखी गई। nifty और sensex में भी हलचल देखी गई, हालांकि व्यापक बाजार स्थिर रहा।

