बिजऩेस रेमेडीज/जयपुर JECRC University ने एम्प्लॉयबिलिटी Dot Life और फेडरेशन University के साथ साझेदारी करते हुए अपने कैंपस में फ्यूचर ऑफ वर्क लैब की स्थापना की है। यह अल्ट्रामॉर्ड्न एजुकेशन सिस्टम एक्सप्रो प्रोग्राम के तहत ट्रेनिंग प्रोवाइड करेगा, जिससे छात्र अकेडमिक नोलेज के साथ-साथ इंडस्ट्री का अनुभव भी प्राप्त कर सकेंगे। इस पहल का उद्देश्य एजुकेशन और एक्सपीरियंस के बीच की खाई को कम करना है, ताकि छात्र आधुनिक रोजगार बाज़ार की आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार हो सकें।
फ्यूचर ऑफ वर्क लैब – नवाचार और व्यावहारिक शिक्षा का केंद्र : यह लैब एक एक्सप्रिएंशल लर्निंग हब के रूप में काम करेगी, जहां छात्र वास्तविक दुनिया से प्रेरित प्रोजेक्ट्स पर काम करेंगे, इंडस्ट्री स्पेशलिस्ट के साथ सहयोग करेंगे और आज की तथा भविष्य की कार्यक्षमता के अनुरूप स्किल डेवलप करेंगे।
इस नई पहल के तहत, जेईसीआरसी यूनिवर्सिटी के छात्रों को रियल-लाइफ प्रोजेक्ट्स पर काम करने, प्रैक्टिकल लर्निंग और इंडस्ट्री-रेडी स्किल्स सीखने का मौका मिलेगा। प्रो. डंकन बेंटले (वाइस चांसलर, प्रेसिडेंट, फेडरेशन यूनिवर्सिटी, Australia) ने इस पहल की अहमियत बताते हुए कहा,”फ्यूचर ऑफ वर्क अब सिर्फ थ्योरी तक सीमित नहीं रहेगा। यह लैब छात्रों को वास्तविक इंडस्ट्री एक्सपीरियंस देगी और उन्हें भविष्य के जॉब मार्केट के लिए तैयार करेगी।
एम्प्लॉयबिलिटी डॉट लाइफ़ के सीईओ राजा दासगुप्ता ने कहा कि हम छात्रों को न केवल डिग्री, बल्कि इंडस्ट्री में काम करने की असली समझ देना चाहते हैं। इस लैब के जरिए, वे सीधे इंडस्ट्री के प्रोफेशनल्स से सीखेंगे और अपने करियर को एक नई दिशा देंगे। जेईसीआरसी यूनिवर्सिटी के वाइस चांसलर प्रो. विक्टर गम्भीर ने इस साझेदारी को छात्रों के लिए सुनहरा अवसर बताया। उन्होंने कहा कि आज का दौर स्किल्स का है। यह पहल हमारे छात्रों को ग्लोबल लेवल पर कॉम्पिटिटिव बनाएगी और उन्हें बेहतरीन करियर ऑप्शंस देगी।
अमित अग्रवाल (वाइस चेयरपर्सन, जेईसीआरसी यूनिवर्सिटी) ने इस सत्र में कहा, कि चैटजीपिटी नौकरियों की जगह नहीं लेगा, लेकिन जो व्यक्ति चैटजीपिटी का ही इस्तेमाल करेगा, वह उस व्यक्ति की जगह जरूर ले लेगा। उन्होंने यह भी कहा कि अब सभी छात्रों के पास अपने प्रोफेशनल सफर के लिए ज़रूरी स्किल्स होंगी, जिसकी पहले कमी थी। इस घोषणा के साथ, JECRC University ने एक और कदम इंडस्ट्री-रेडी एजुकेशन की दिशा में बढ़ाया है। आने वाले समय में, यह लैब छात्रों को इनोवेटिव, क्रिएटिव और सॉल्यूशन-ओरिएंटेड प्रोफेशनल्स बनने में मदद करेगी। वहीं आज के राष्ट्रीय विज्ञान दिवस के अवसर पर समारोह आयोजित किया गया, जिसका विषय था ‘विक्सित भारत के लिए भारतीय युवाओं को विज्ञान और नवाचार में आगे बढ़ाना।’ इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि ओम प्रकाश बैरवा, आईएएस, (कमिश्नर, कॉलेज एजुकेशन इन राजस्थान), डॉ. सी.पी. कौशिक (एफएनएई, पूर्व निदेशक, न्यूक्लियर रिसाइकल ग्रुप, बीएआरसी/डीएई) और प्रोफेसर भुवन जोशी (उदयपुर सोलर ऑब्जर्वेटरी, फिजिकल रिसर्च लेबोरेटरी, साइंस एंड टेक्नोलॉजी डिपार्टमेंट, भारत सरकार, उदयपुर) रहें। इस आयोजन के माध्यम से युवाओं को विज्ञान के प्रति जागरूक करने और विकसित भारत के निर्माण में योगदान देने का संदेश दिया।

