Sunday, July 12, 2026 |
Home Corporate Worldवित्त वर्ष 2025-26 में Bandhan Bank के कुल कारोबार में 11% बढ़ोतरी

वित्त वर्ष 2025-26 में Bandhan Bank के कुल कारोबार में 11% बढ़ोतरी

by Business Remedies
0 comments

• कुल ऋण पोर्टफोलियो 12.6% बढ़कर रुपये 1.54 लाख करोड़ पर पहुंचा
• कुल जमा साल दर साल 10% बढ़कर रुपये 1.66 लाख करोड़ पर
• कुल जमा में रिटेल की हिस्सेदारी 74% रही
• पूंजी पर्याप्तता अनुपात (CRAR) 18% रहा

कोलकाता।  बंधन बैंक ने वित्त वर्ष 2025-26 के अपने वित्तीय नतीजों की घोषणा की। इस अवधि में बैंक का कुल कारोबार 11% से अधिक बढ़कर रुपये 3.2 लाख करोड़ से ऊपर पहुंच गया। कुल जमा में रिटेल की हिस्सेदारी अब लगभग 74% हो गई है।

वित्त वर्ष 2025-26 में यह वृद्धि बैंक के वितरण नेटवर्क का विस्तार, बेहतर परिचालन क्षमता और उत्कृष्टता की दिशा में लगातार प्रयासों के कारण संभव हुई। इस वित्त वर्ष में बैंक का लाभ रुपये 1,224 करोड़ रहा।

बंधन बैंक देश के 36 में से 35 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 6,350 से अधिक बैंकिंग आउटलेट्स के माध्यम से करीब 3.2 करोड़ ग्राहकों को सेवाएं दे रहा है। बैंक में कुल कर्मचारियों की संख्या 75,000 से अधिक है।

वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान बैंक के जमा में सालाना आधार पर 10% की वृद्धि दर्ज की गई और कुल जमा ₹1.66 लाख करोड़ हो गया। इसी अवधि में कुल ऋण रुपये 1.54 लाख करोड़ तक पहुंच गया। चालू खाता और बचत खाता (CASA) अनुपात 29.3% रहा। बैंक का पूंजी पर्याप्तता अनुपात (CAR), जो वित्तीय मजबूती का एक महत्वपूर्ण संकेतक है, 18% के मजबूत स्तर पर है, जो नियामकीय मानकों से काफी अधिक है।

बैंक के प्रदर्शन पर टिप्पणी करते हुए प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी पार्थ प्रतिम सेनगुप्ता ने कहा, “वित्त वर्ष 2025–26 में बंधन बैंक का प्रदर्शन हमारे फ्रेंचाइज़ की मजबूती दर्शाता है, जो अनुशासित कार्यप्रणाली और विविध होती व्यवसाय मॉडल पर आधारित है। आगे हम ग्राहक-केंद्रित और डिजिटल आधारित विकास पर जोर देंगे, वितरण नेटवर्क को मजबूत करेंगे, अपने उत्पादों की श्रृंखला का विस्तार करेंगे और डेटा-संचालित इनसाइट्स का उपयोग करते हुए संतुलित व जोखिम-समायोजित वृद्धि प्रदान करेंगे।”

बैंक अपने परिसंपत्ति आधार को और विविध बनाने पर काम कर रहा है, जिसमें खास ध्यान रिटेल पोर्टफोलियो बढ़ाने पर है। साथ ही, कार्यक्षमता बढ़ाने, उत्पादकता सुधारने और ग्राहकों के अनुभव को बेहतर बनाने के लिए डिजिटल तकनीकों को तेजी से अपनाना बैंक की प्राथमिकता बनी हुई है।



You may also like

Leave a Comment