नई दिल्ली: केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत और फ्रांस के बीच साझेदारी लगातार मजबूत हो रही है तथा तकनीक, नवाचार और रणनीतिक क्षेत्रों में दोनों देशों के संबंध नई ऊंचाइयों तक पहुंच रहे हैं। उन्होंने फ्रांस की कंपनियों और निवेशकों से भारत की विकास यात्रा में सहभागी बनने का आह्वान किया।
पीयूष गोयल ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर जानकारी देते हुए बताया कि उन्होंने प्रसिद्ध विधिवेत्ता और भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान दिल्ली के बोर्ड अध्यक्ष हरीश साल्वे द्वारा आयोजित रात्रिभोज में भाग लिया। इस दौरान उन्होंने भारत और फ्रांस के उद्योग जगत के नेताओं, शिक्षाविदों, शोधकर्ताओं तथा नवाचार क्षेत्र से जुड़े विशेषज्ञों के साथ व्यापक चर्चा की। मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के नेतृत्व में भारत-फ्रांस संबंधों को नई गति मिली है। दोनों देशों के बीच सहयोग अब रणनीतिक, आर्थिक, तकनीकी और नवाचार जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों तक विस्तारित हो चुका है। यह साझेदारी न केवल द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत कर रही है बल्कि वैश्विक स्तर पर भी नए अवसर पैदा कर रही है।
उन्होंने फ्रांसीसी कंपनियों और निवेशकों से अपील की कि वे भारत में निवेश बढ़ाएं और एक समृद्ध तथा टिकाऊ भविष्य के निर्माण के लिए दोनों देश मिलकर कार्य करें। भारत तेजी से वैश्विक आर्थिक शक्ति के रूप में उभर रहा है और यहां निवेश के व्यापक अवसर उपलब्ध हैं। फ्रांस यात्रा के दौरान पीयूष गोयल ने यूरोप के सबसे बड़े विज्ञान और प्रौद्योगिकी केंद्र सोफिया एंटिपोलिस का भी दौरा किया। यह यात्रा यूरोपीय बाजारों के साथ भारत की गहन तकनीकी भागीदारी को मजबूत करने के उद्देश्य से की गई। मंत्री ने इसे यूरोप की “सिलिकॉन वैली” बताते हुए कहा कि यह केंद्र शोध, प्रतिभा और उद्यमिता के प्रभावी समन्वय का उत्कृष्ट उदाहरण है।
उन्होंने बताया कि इस तकनीकी केंद्र में 2,600 से अधिक कंपनियां कार्यरत हैं, जो उन्नत प्रौद्योगिकी के विभिन्न क्षेत्रों में सक्रिय हैं। यह मॉडल दर्शाता है कि किस प्रकार अनुसंधान और उद्योग मिलकर आर्थिक विकास तथा नवाचार को गति दे सकते हैं। पीयूष गोयल ने कहा कि भारत लगातार नवाचार और विनिर्माण के वैश्विक केंद्र के रूप में उभर रहा है। उन्होंने उद्योग जगत के प्रतिनिधियों को भारत में निवेश, सहयोग और परिचालन विस्तार के अवसरों का लाभ उठाने के लिए आमंत्रित किया।
मंत्री के अनुसार, भारत का नवाचार पारितंत्र नई साझेदारियों और तकनीकी सह-विकास के अवसर प्रदान कर रहा है। इन पहलों से न केवल भारत और फ्रांस को लाभ होगा, बल्कि वैश्विक समुदाय भी इससे लाभान्वित होगा। फ्रांस के नीस शहर में पीयूष गोयल ने स्थानीय नेताओं तथा सरकार, व्यापार, नवाचार और निवेश क्षेत्र के प्रतिनिधियों से भी मुलाकात की। इस बैठक का उद्देश्य तकनीक और नवाचार के क्षेत्र में द्विपक्षीय सहयोग को और मजबूत करना था।
उन्होंने बताया कि नीस में पैले दे एक्सपोजीशन्स में आयोजित “भारत इनोवेट्स 2026” कार्यक्रम भारत की गहन तकनीकी क्षमताओं का प्रदर्शन कर रहा है। इस आयोजन में 13 तकनीकी क्षेत्रों से जुड़े 120 स्टार्टअप और 20 से अधिक उत्कृष्ट संस्थान भाग ले रहे हैं। मंत्री ने कहा कि इस कार्यक्रम ने वैश्विक स्तर पर व्यापक रुचि आकर्षित की है। इसमें 350 से अधिक वैश्विक निवेशकों और उद्यम पूंजी निवेशकों की भागीदारी भारत के तेजी से विकसित हो रहे नवाचार और स्टार्टअप पारितंत्र में बढ़ते अंतरराष्ट्रीय विश्वास को दर्शाती है।

