बिजऩेस रेमेडीज/नई दिल्ली राष्ट्रीय खेल दिवस के मौके पर भारत के अग्रणी महत्वपूर्ण खनिज, ऊर्जा रूपान्तरण धातु, ऊर्जा एवं प्रोद्यौगिकी सदन Vedanta Limited (NSE: VEDL) ने वित्तीय वर्ष 25 में बदलावकारी खेल पहलों के माध्यम से तकरीबन 3 लाख लोगों को सशक्त बनाकर इस साल की थीम ‘‘लैवलिंग द प्लेइंग फील्ड: स्पोर्ट फॉर सोशल इन्क्लुजन’ के लिए अपनी प्रतिबद्धता की पुष्टि की है। फुटबॉल, तीरंदाजी, हॉकी, मैराथॉन, स्क्वैश, कराटे, पैडल एवं पैरा-स्पोर्ट्स आदि के साथ यह भारत में कॉर्पोरेट नेतृत्व वाला सबसे बड़ा जमीनी स्तर का खेल आंदोलन बन गया है।
खेलों के प्रति अपने दृष्टिकोण के तहत Vedanta, समुदायों को सशक्त बनाकर और विश्वस्तर पर पोडियम सफलता हासिल कर भारत में खेल रूपान्तरण में अग्रणी भूमिका निभा रही है। बुनियादी सुविधाओं, कोचिंग एवं सामुदायिक सक्रियता में निवेश कर वेदांता ऐसी सशक्त खेल प्रणाली का निर्माण करती है, जो बुनियादी स्तर पर प्रतिभा को बढ़ावा दे। कंपनी उन्हें समग्र विकास, अनुशासन एवं शिक्षा के माध्यम से सशक्त बनाती है, तथा राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर प्रगति का मार्ग प्रशस्त करती है। गोवा और राजस्थान जैसे राज्यों में सेसा फुटबॉल एकेडमी (SFA) और जिंक फुटबॉल एकेडमी (ZFA) युवा फुटबॉलर्स के लिए लॉन्चपैड बन चुके हैं। 1999 में स्थापित एसएफए ने 8000 से अधिक छात्रों को प्रशिक्षित किया है और 230 से अधिक पेशेवर फुटबॉलर्स विकसित किए हैं जिनमें राष्ट्रीय टीम के सितारे जैसे आदिल खान और डेंजिल फ्रैंको शामिल हैं। 2017 के बाद से एसएफए गेवा में वेदांता वुमेन्स लीग को लगातार समर्थन दे रही है, इसने 1400 से अधिक महिला फुटबॉलर्स को सबसे बड़ा प्लेटफॉर्म प्रदान किया है। पिछले सालों के दौरान एसएफए के 12 खिलाडिय़ों ने अंतर्राष्ट्रीय मंच पर भारत का प्रतिनिधित्व किया है। इनमें सबसे नया उदाहरण पर्ल फर्नान्डीज का है, जिन्होंने वेदांता वुमेन्स लीग में आगे बढऩे के बाद साउथ एशियन फुटबॉल फेडरेशन (एसएएफएफ) अंडर-17 चैम्पियनशिप की भारतीय टीम में अपनी जगह बनाई। जिंक फुटबॉल एकेडमी से मोहम्मद कैफ और प्रेम हंसदाक ने एसएएफएफ अंडर-17 और एशियन फुटबॉल कॉन्फेडरेशन (एएफसी) एशियन कप क्वालिफायर्स में भारत का प्रतिनिधित्व किया है। इस एकेडमी का एक आकर्षण बिन्दु है- हाल ही में ऑल इंडिया फुटबॉल फेडरेशन (एआईएफएफ) की साझेदारी में उदयपुर के जावर में जिंक फुटबॉल गल्र्स एकेडमी का लॉन्च। यह लड़कियों के लिए भारत की पहली रेजिडेन्शियल फुटबॉल एकेडमियों में से एक है, जहां आधुनिक एफ-क्यूब प्रशिक्षण टेक्नोलॉजी सहित सभी सुविधाएं है। इसमें पांच राज्यों से 20 अंडर-15 खिलाड़ी शामिल हो चुके हैं। इन दोनों एकेडमियों के खिलाडिय़ों को इंडियन सुपर लीग (आईएसएल) क्लब्स जैसे हैदराबाद एफसी, मोहन बागान सुपर जायन्ट्स द्वारा साईन किया गया है।
फुटबॉल के दायरे से बढक़र Vedanta (तीरंदाजी, एथलेटिक्स एवं कराटे में भी प्रतिभा को प्रोत्साहित कर रही है, जिसके तहत उड़ीसा के कालाहांडी में 300 से अधिक आदिवासी युवाओं को प्रशिक्षण दिया जा रहा है, वर्तमान में 110 बच्चों को पेशेवर कोचिंग मिल रही है। इनमें से संजय माझी ने एनटीपीसी सीनियर नेशनल्स 2024 में उड़ीसा का पहला राष्ट्रीय स्तर का व्यक्तिगत तीरंदाजी मैडल (दो दशकों में) जीत कर इतिहास रचा है। ‘मेरे कोच सीमांचल कदरका खुद राष्ट्रीय स्तर के तीरंदाज हैं, उन्होंने मुझे खेल उपकरणों से लेकर डायट तक हर पहलु में सहयोग एवं मार्गदर्शन प्रदान किया।’ संजय माझी ने बताया।
झारखण्ड में वेदांता ईएसएल स्टील की एकेडमी 50 युवा तीरंदाजों को सहयोग प्रदान करती है, जिन्होंने 50 से अधिक मैडल जीते हैं। इनमें आरती कुमारी (ओलम्पिक आर्चरी एसोसिएशन द्वारा मान्यता प्राप्त, ट्रिपल गोल्ड) कृतिका कुमारी और गायत्री माझी ने नेशनल टूर्नामेन्ट्स में शानदार परफोर्मेन्स दिया है। वेदांता सेसा गोवा के सहयोग से गोवा की पहली पैरा-एथलीट साक्षी काले पैरा खेलो इंडिया गेम्स में गोल्ड एवं सिल्वर मैडल जीतने वाली गोवा की पहली खिलाड़ी हैं, वे पेरिस में वल्र्ड पैरा एथलेटिक्स ग्राण्ड प्रिक्स में भी भारत का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं। वंचित समुदायों को सहयोग प्रदान करते हुए कंपनी मुंबई के सबसे बड़े स्लम्स में से एक धारावी में 20 बच्चों को नि:शुल्क स्क्वैश प्रशिक्षण देती है।
वेदांता प्तरन फॉर जीरो हंगर कैंपेन के तहत दिल्ली, जयपुर, उदयपुर, मुंबई एवं बैंगलोर में मैराथॉन्स को समर्थन देती है। इस पहल के तहत हर किलोमीटर की रन को नंद घर में एक बच्चे के पोषण में बदला जाता है। गौरतलब है कि नंदघर वेदांता की प्रमुख समाज प्रभाव परियोजना है जो आंगनवाडिय़ों को आधुनिक चाइल्डकेयर सेंटरों में बदल रही है।
खेलों के बुनियादी विकास के साथ Vedanta पेशेवर एवं उभरते खेलों में भी निवेश कर रही है। कंपनी के पास उड़ीसा की प्रीमियम हॉकी टीम वेदांता कलिंगा लांसर्स का स्वामित्व है, जो भारत के राष्ट्रीय खेल को समर्थन देने की भावना की पुष्टि करता है। हॉकी इंडिया लीग के 2024-25 सीजन में टीम ने सबसे ज्यादा गोल स्कोर किए, स्टार फॉरवर्ड थिएरी ब्रिंकमैन टॉप स्कोरर रहे। वेदांता ने हाल ही में पैडल टीम, वेदांता ल्योपर्ड्स के लॉन्च के साथ वर्ल्ड पैडल लीग में भी प्रवेश किया, जो पहले सीजन में रनर-अप रही। भारत राष्ट्रीय खेल दिवस के उपलक्ष्य में अपने खेल जगत के नायकों को सम्मान दे रहा है, इस बीच Vedanta की बुनियादी-से-वैश्विक खेल पहलें दर्शाती हैं कि किस तरह कॉर्पोरेट प्रतिबद्धता बुनियादी स्तर पर भागीदारी बढ़ाकर, लिंग समावेशन को ब?ावा देकर, पेशवर एवं विश्वस्तरीय खेलों में निवेश द्वारा युवा देश की महत्वाकांक्षाओं को साकार कर बड़े पैमाने पर सकारात्मक प्रभाव उत्पन्न कर सकती है।

