मुंबई | बिजनेस रेमेडीज | कोटक महिंद्रा एसेट मैनेजमेंट कंपनी (केएमएएमसी) ने अपने पहले प्राइवेट क्रेडिट अल्टरनेटिव इन्वेस्टमेंट फंड (एआईएफ) ‘कोटक क्रेडिट अपॉच्र्युनिटीज फंड’ का सफल क्लोजर किया है। इस फंड में 2,000 करोड़ रुपए से ज्यादा की निवेश प्रतिबद्धताएं मिली हैं। इस फंड में हाई नेटवर्थ निवेशकों, फैमिली ऑफिस, कॉर्पोरेट ट्रेजरी और संस्थागत निवेशकों ने निवेश किया है। इससे साफ है कि प्राइवेट क्रेडिट अब निवेशकों के बीच तेजी से लोकप्रिय होता जा रहा है। कंपनी ने बताया कि फंड को शुरुआती लक्ष्य से ज्यादा निवेश मिला है, जो कंपनी की निवेश रणनीति और अल्टरनेटिव एसेट्स में बढ़ते भरोसे को दर्शाता है। कोटक महिंद्रा एएमसी के मैनेजिंग डायरेक्टर निलेश शाह ने कहा कि कंपनी के अल्टरनेटिव्स प्लेटफॉर्म के लिए यह एक बड़ा मील का पत्थर है। उन्होंने कहा कि निवेशकों की अच्छी प्रतिक्रिया कंपनी की निवेश सोच और काम करने की क्षमता में भरोसा दिखाती है। उनका मानना है कि आने वाले समय में भारत में लचीले फाइनेंसिंग विकल्पों की मांग बढ़ेगी और ऐसे में प्राइवेट क्रेडिट की भूमिका भी मजबूत होगी।
कोटक महिंद्रा एएमसी में प्राइवेट क्रेडिट के चीफ इन्वेस्टमेंट ऑफिसर सुनीत गर्ग ने कहा कि निवेशकों ने कंपनी पर जो भरोसा जताया है, उससे वे उत्साहित हैं। उन्होंने कहा कि प्राइवेट क्रेडिट अब पारंपरिक फाइनेंसिंग का अच्छा विकल्प बनकर उभर रहा है और यह भारतीय कंपनियों की बदलती पूंजी जरूरतों को पूरा करने में मदद कर रहा है। कंपनी का फोकस मजबूत और बेहतर प्रदर्शन करने वाले क्रेडिट अवसरों पर रहेगा, ताकि निवेशकों को स्थिर और अनुमानित रिटर्न
मिल सके।
कंपनी के अनुसार, फंड ने अब तक अपने कुल कॉर्पस का 50 प्रतिशत से ज्यादा हिस्सा अलग-अलग सेक्टर्स में निवेश कर दिया है। आगे भी यह फंड अच्छी परफॉर्मेंस वाले क्रेडिट अवसरों में निवेश करता
रहेगा और भारतीय कंपनियों तथा प्रमोटर्स को जरूरत के अनुसार पूंजी उपलब्ध कराएगा। कोटक क्रेडिट अपॉच्र्युनिटीज फंड एक सेबी-पंजीकृत कैटेगरी-ढ्ढढ्ढ एआईएफ है, जो अच्छे ट्रैक रिकॉर्ड वाली कंपनियों को स्ट्रक्चर्ड क्रेडिट उपलब्ध कराने पर फोकस करता है। यह फंड भारत की ग्रोथ स्टोरी से जुड़े अवसरों की पहचान करने के लिए कंपनी के अनुभव, सेक्टर की समझ और नेटवर्क का इस्तेमाल करेगा।

