सोशल मीडिया दावों पर सफाई
Adani Group ने महाराष्ट्र के Pune जिले में स्थित Bhimashankar Temple के आसपास कथित पेड़ कटाई और विस्थापन से जुड़े सोशल मीडिया दावों को खारिज किया है। Group ने इन दावों को गलत, भ्रामक और Fabricated बताया है।
इलाके में कोई Project नहीं
Adani Group के प्रवक्ता ने X पर जारी बयान में कहा कि सोशल मीडिया पर प्रसारित Videos में कथित पेड़ कटाई और विस्थापन को Adani Group से जोड़ना पूरी तरह गलत है। प्रवक्ता के अनुसार, Group का इस क्षेत्र या इसके आसपास कोई प्रस्तावित या चल रहा Project नहीं है और Videos में दिखाई गई गतिविधियों से उसका किसी भी तरह का संबंध नहीं है।
तथ्यों की जांच की अपील
Group ने लोगों से सोशल मीडिया पर वायरल हो रही ऐसी सामग्री को शेयर करने से पहले तथ्यों की पुष्टि करने की अपील की है। कंपनी ने कहा कि सभी लोगों को False और Unverified Content को आगे बढ़ाने से बचना चाहिए।
PEKB Mine में 16 लाख से अधिक पौधे
इस बीच, Adani Enterprises Ltd (AEL) ने छत्तीसगढ़ के Surguja जिले में स्थित Parsa East and Kanta Basan (PEKB) Mine में 568 हेक्टेयर क्षेत्र में 16 लाख से अधिक Trees और Saplings लगाए हैं। कंपनी के अनुसार, Ecological Restoration के तहत Mining Activities में हटाए गए प्रत्येक पेड़ के बदले 40 पेड़ लगाए जाते हैं।
88 प्रतिशत पौधों के जीवित रहने का दावा
AEL के अनुसार, क्षेत्र में Sal, Mahua, Tendu, Amaltas और Sidha जैसी Native Species को दोबारा लगाया गया है और इनकी Survival Rate करीब 88 प्रतिशत है। कंपनी ने दशक के अंत तक Green Cover को 40 लाख से अधिक Trees तक बढ़ाने का लक्ष्य रखा है।
Afforestation पर 259 करोड़ रुपये से अधिक
कंपनी ने 3.5 हेक्टेयर की Nursery भी विकसित की है, जिसमें करीब 5 लाख Saplings हैं। इसके अलावा Surguja, Korea, Balrampur और Surajpur Forest Divisions में 4,000 हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र में Compensatory Afforestation किया गया है। इसके लिए Chhattisgarh Government को 259 करोड़ रुपये से अधिक जमा किए गए हैं।

