Friday, December 5, 2025 |
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QIP के जरिए 2110 million तक रुपए जुटा रही है Ratnaveer Precision Engineering Limited

कार्यशील पूंजी आवश्यकताओं और सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों की पूर्ति में इस्तेमाल होगी पूंजी

by Business Remedies
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Jaipur। Gujarat के Baroda आधारित Ratnaveer Precision Engineering Limited स्टेनलेस स्टील वॉशर का अग्रणी निर्माता एवं निर्यातक है। कंपनी द्वारा कार्यशील पूंजी आवश्यकताओं और सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों की पूर्ति हेतु Qualified Institutional Placement (QIP) के जरिए 2110 million तक रुपए जुटाए जा रहे हैं। 1 December 2025 से कंपनी का QIP खुल गया है।

Business Remedies की टीम ने कंपनी के QIP निवेशक प्रस्तुतीकरण लेख से कंपनी की कारोबारी गतिविधियों के संबंध में जानकारी हासिल की है।

कारोबारी गतिविधियां:

Ratnaveer Precision Engineering Limited देश में स्टेनलेस स्टील वॉशर का अग्रणी निर्माता एवं निर्यातक है और कंपनी के 3300 से ज़्यादा SKU हैं। 20 से ज़्यादा वर्षों की विशेषज्ञता के साथ, कंपनी उच्च-मूल्य वाले वॉशर डिज़ाइन और निर्माण के लिए नवीनतम तकनीकों का उपयोग कर रही है। कंपनी ने ऑटोमोटिव, रेलवे, फार्मास्यूटिकल्स, एयरोस्पेस, निर्माण और अन्य उद्योगों के OEMs के साथ साझेदारी की है और दुनिया भर के 30 से ज़्यादा देशों को निर्यात कर रही है। कंपनी देश से 3300 से अधिक प्रकार के उच्च मूल्य वर्धित वॉशर का निर्यात करने वाली प्रमुख कंपनी है। Fortune 500 कंपनियों में Ratnaveer Precision Engineering Limited का नाम शामिल है। कंपनी के उत्पाद वैश्विक OEMs द्वारा कठोरता से परीक्षण और अनुमोदित हैं और 11 शीर्ष भागीदारों के माध्यम से दुनिया भर में वितरित होते हैं। कंपनी की सभी इकाइयां सौ फीसदी नवीकरणीय ऊर्जा द्वारा संचालित हो रही हैं।

वित्तीय प्रदर्शन:

वित्त वर्ष 2023 में कंपनी ने 481.14 करोड़ रुपए का कुल राजस्व और 25.04 करोड़ रुपए का कर पश्चात शुद्ध लाभ अर्जित किया।
वित्त वर्ष 2024 में कंपनी ने 602.40 करोड़ रुपए का कुल राजस्व और 31.05 करोड़ रुपए का कर पश्चात शुद्ध लाभ अर्जित किया।
वित्त वर्ष 2025 में कंपनी ने 895.91 करोड़ रुपए का कुल राजस्व और 46.81 करोड़ रुपए का कर पश्चात शुद्ध लाभ अर्जित किया।

वित्त वर्ष 2026 की 30 September 2025 को समाप्त अवधि में कंपनी ने 552.81 करोड़ रुपए का कुल राजस्व और 30.37 करोड़ रुपए का कर पश्चात शुद्ध लाभ अर्जित किया है। वित्तीय परिणामों से स्पष्ट है कि वर्ष दर वर्ष कंपनी का राजस्व एवं लाभ बढ़ रहा है।

वित्त वर्ष 2025 को समाप्त अवधि में कंपनी ने 5.25 फीसदी का कर पश्चात शुद्ध लाभ मार्जिन अर्जित किया है। कंपनी का debt-equity ratio 0.77 फीसदी है। इस आधार पर कह सकते हैं कि कंपनी पर कर्ज भार अधिक नहीं है।

Industry Dynamics:

वैश्विक औद्योगिक फास्टनर क्षेत्र:

वैश्विक औद्योगिक फास्टनर बाजार 2020 में कुल 76.7 billion USD का रहा, जो कोविड-19 के कारण 2017–19 के औसत से 6.8 फीसदी कम है, और इसके 2021 में 79.5 billion USD से बढ़कर 2028 तक 4.2 फीसदी CAGR से 106.1 billion USD तक पहुंचने का अनुमान है।

निर्माण, ऑटोमोटिव, एयरोस्पेस और समुद्री क्षेत्रों में बढ़ती मांग, मशीनरी और टिकाऊ वस्तुओं के उत्पादन में वृद्धि और India, China, Thailand, Vietnam में तेज़ी से हो रहे औद्योगीकरण सुधार वैश्विक औद्योगिक फास्टनर क्षेत्र को बल मिलेगा।

बढ़ते स्वचालन निवेश, अनुकूल जनसांख्यिकी, सहायक नियम और पूर्वी एशिया में Semiconductor Fab और Electronics Assembly की शुरुआत के साथ ही निर्माताओं का R&D और उन्नत प्रौद्योगिकी पर खर्च इस क्षेत्र में 2031 तक मज़बूत विकास को गति प्रदान करेगा।

भारत में फास्टनर क्षेत्र:

Make in India पहल से प्रेरित भारत का विनिर्माण क्षेत्र 2025 तक दुनिया का पांचवां सबसे बड़ा क्षेत्र बनने की राह पर है।

भारत का औद्योगिक फास्टनर बाज़ार 2023 तक 460 अरब रुपए तक पहुंचने का अनुमान है, जो 2018 से 9.6 फीसदी CAGR से बढ़ रहा है।

मुख्य वितरण चैनलों में distributors, direct sellers, online platforms और trade events शामिल हैं।

निवेश का औचित्य:

कंपनी वॉशर, शीट-मेटल, ट्यूब और पाइप तथा फिनिशिंग-लाइन उत्पादों में वैश्विक स्तर पर अग्रणी स्थान बनाए रखने के लिए निरंतर उत्पाद पोर्टफोलियो में विस्तार कर रही है।

कंपनी विनिर्माण क्षमता के विस्तार की योजना पर काम कर रही है और मूल्य-संचालित उत्पाद पेश कर रही है।

कंपनी उच्च-मार्जिन वाले क्षेत्रों — Europe, North America, Asia-Pacific, Japan, Australia — में मजबूत पकड़ का लाभ उठाकर बाजार विस्तार पर फोकस कर रही है।

कंपनी high-margin washers, sheet-metal, tubes, pipes, finishing-line portfolio पर ध्यान केंद्रित कर रही है।

कंपनी ने विविध अंतिम-बाज़ारों के अनुरूप 2500+ SKU का पोर्टफोलियो तैयार किया है और 3 देशों में 3 अग्रणी उत्पाद लॉन्च किए हैं।

कंपनी को R&D और लागत नियंत्रण के लिए पूरी तरह से एकीकृत बैकवर्ड सुविधाओं (raw material, in-house die/tool) का लाभ मिल रहा है।

अनुभवी प्रबंधन:

Vijay Sanghvi कंपनी के Managing Director और CFO हैं। वे MS University, Vadodara से वाणिज्य स्नातक हैं और धातु उद्योग में 25 वर्षों से अधिक अनुभव रखते हैं।

Babulal Chapalot कंपनी के Whole-time Director हैं। वे MS University, Baroda से मैकेनिकल इंजीनियरिंग स्नातक हैं और 40 वर्षों का अनुभव रखते हैं।

IPO के मायने:

September 2023 में BSE और NSE Mainboard पर कंपनी का IPO आया था।

तब कंपनी को IPO size 165.03 करोड़ रुपए के मुकाबले 10854 करोड़ रुपए की बोलियां मिली थीं।

94 गुना subscription के साथ यह 2023 का सबसे बड़ा IPO था और 20 लाख+ applications आई थीं।

निवेशकों को 32 फीसदी premium मिला था।

यह दर्शाता है कि निवेशक समुदाय कंपनी में मजबूत रूचि रखता है।

Note: यह लेख निवेश सलाह नहीं है।



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