बिजऩेस रेमेडीज/नई दिल्ली भारत मंडपम, नई दिल्ली में ११ जुलाई को India Health Exhibition 2025 के दूसरे संस्करण की शुरुआत हुई। इनफॉर्मा मार्केट्स इन इंडिया द्वारा आयोजित यह तीन दिवसीय आयोजन 13 जुलाई सम्पन्न हुआ। यह कार्यक्रम देश में Health care और मेडिकल टेक्नोलॉजी (मेडटेक) सेक्टर की तेज़ी से बढ़ती ज़रूरतों और संभावनाओं को दर्शाता है।
अनुमान है कि वित्त वर्ष 2025-26 में इस क्षेत्र में नौकरियों में 15-20 प्रतिशत की बढ़ोतरी होगी, जो इस बात का संकेत है कि तकनीक-आधारित हेल्थकेयर समाधानों की मांग लगातार बढ़ रही है और स्वास्थ्य सेवाओं में टेक्नोलॉजी का उपयोग तेज़ी से बढ़ रहा है।
उद्घाटन समारोह में कई प्रमुख हस्तियों की उपस्थिति रही। मुख्य अतिथि के रूप में डॉ. जितेन्द्र शर्मा (प्रबंध निदेशक व संस्थापक सीईओ,AMTZ), डॉ. गिरधर ज्ञानी (महानिदेशक, एसोसिएशन ऑफ हेल्थकेयर प्रोवाइडर्स इंडिया), राजीव नाथ (एमडी, हिंदुस्तान सिरिंज एंड मेडिकल डिवाइस लिमिटेड और फोरम कोऑर्डिनेटर, AIMED), वीणा कोहली (सीईओ, वेंगार्ड डायग्नोस्टिक्स, पूर्व अध्यक्ष –ADMI), हिमांशु बैद (एमडी, पॉली मेडिक्योर और वाइस प्रेसिडेंट, नैटहेल्थ), योगेश मुद्रास (एमडी, इनफॉर्मा मार्केट्स इंडिया), गोप मेनन (सीएफओ, इनफॉर्मा मार्केट्स IMEA) और राहुल देशपांडे (सीनियर गु्रप डायरेक्टर, इनफॉर्मा मार्केट्स इंडिया) जैसे गणमान्य लोग भी उपस्थित थे।
विशाखापत्तनम स्थित आंध्र प्रदेश मेडटेक ज़ोन में दुनिया की पहली समर्पित मेडिकल टेक्नोलॉजी यूनिवर्सिटी शुरू होने जा रही है। इसकी घोषणा एएमटीज़ेड के प्रबंध निदेशक, संस्थापक और सीईओ डॉ. जितेंद्र शर्मा ने की। यह नवाचार आधारित संस्था M.Tech, MBA और Ph.D जैसे उच्च स्तरीय डिग्री कार्यक्रमों की पेशकश करेगी, जिसका उद्देश्य मेडिकल टेक्नोलॉजी क्षेत्र में कौशल विकास को एक नई दिशा देना है। इस पहल को कई प्रमुख उद्योग नेताओं का समर्थन प्राप्त है, जिनमें शामिल हैं: राजीव नाथ (मैनेजिंग डायरेक्टर, हिंदुस्तान सिरिंजेस एंड मेडिकल डिवाइसेज़ लिमिटेड व फोरम कोऑर्डिनेटर, AIMED), सुरेश वज़ीरानी (फाउंडर चेयरमैन, एरबा ट्रांसएशिया) और डॉ. गिरधर ज्ञानी (महानिदेशक, एसोसिएशन ऑफ हेल्थकेयर प्रोवाइडर्स इंडिया -AHPI)।
यह यूनिवर्सिटी नवाचार, अनुसंधान और उच्च गुणवत्ता वाली मैन्युफैक्चरिंग विशेषज्ञता के लिए एक वैश्विक केंद्र के रूप में कार्य करेगी। उद्योग, शिक्षा और नियामक संस्थानों के बीच मज़बूत सहयोग के ज़रिए यह पहल भारत को आत्मनिर्भर बनाएगी, मेडटेक निर्यात को बढ़ावा देगी और देश को एडवांस मेडिकल डिवाइस मैन्युफैक्चरिंग का वैश्विक हब बनाने में मदद करेगी।
इनफॉर्मा मार्केट्स इंडिया के प्रबंध निदेशक योगेश मुद्रास ने कहा कि स्वास्थ्य सेवा हमेशा से भारत की प्राथमिकताओं में रही है—और अब यह क्षेत्र निर्णायक बदलाव के दौर से गुजर रहा है। तेजी से बढ़ती आबादी, सक्रिय सरकारी नीतियों और अपनी-देखभाल पर बढ़ते फोकस के चलते यह सेक्टर वर्ष 2030 तक अनुमानित 638 अरब डॉलर के आकार तक पहुँचने की ओर अग्रसर है। उन्होंने आगे कहा, “”WHX दुबई की समृद्ध विरासत से प्रेरित, इंडिया हेल्थ एग्ज़िबिशन नीति, नवाचार और उद्यमशीलता को एक साझा मंच पर लाता है—जहां केंद्र में भारत है। इस वर्ष, हमारे दोहरे ट्रैक वाले सम्मेलन, जैसे ग्लोबल मेडटेक कनेक्ट, गहन संवाद को बढ़ावा देंगे और भविष्य उन्मुख चर्चाओं का मार्ग प्रशस्त करेंगे।

