Business Remedies / Jaipur। आज की व्यस्त जीवनशैली, लंबे समय तक घर या office में रहना और बदलती खानपान की आदतों के कारण लोगों में vitamin D की कमी तेजी से बढ़ती जा रही है। विशेषज्ञों का कहना है कि यह कमी हड्डियों, मांसपेशियों और पूरे शरीर के स्वास्थ्य पर गंभीर असर डाल सकती है। Orthopedic विशेषज्ञ Dr. Naveen Sharma ने Business Remedies से विशेष बातचीत में बताया कि यदि समय रहते इसके लक्षणों को पहचान लिया जाए तो vitamin D की कमी को आसानी से नियंत्रित किया जा सकता है।
उन्होंने बताया कि शरीर में vitamin D की कमी होने पर थकान, हड्डियों और जोड़ों में दर्द, मांसपेशियों की कमजोरी, बार-बार बीमार पड़ना और कुछ मामलों में बाल झड़ने जैसी समस्याएं सामने आ सकती हैं। Dr. Sharma के अनुसार vitamin D का सबसे प्रमुख और प्राकृतिक स्रोत सूर्य की रोशनी है। रोजाना लगभग 15 से 20 मिनट धूप में समय बिताना शरीर में vitamin D के स्तर को संतुलित बनाए रखने में मदद करता है।

थकान और कमजोरी
vitamin D की कमी से शरीर में ऊर्जा का स्तर कम हो सकता है। व्यक्ति को बिना अधिक काम किए भी थकान महसूस होती है और रोजमर्रा के काम करना कठिन लगने लगता है।
हड्डियों और जोड़ों में दर्द
vitamin D शरीर में calcium के अवशोषण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। इसकी कमी होने पर कमर, पीठ और पैरों में दर्द की समस्या हो सकती है और हड्डियां कमजोर पड़ने लगती हैं।
मांसपेशियों में दर्द और कमजोरी
कमी होने पर मांसपेशियों में खिंचाव, ऐंठन या भारीपन महसूस हो सकता है। विशेष रूप से बुजुर्गों में इससे गिरने का खतरा बढ़ जाता है।
बाल झड़ना
कुछ मामलों में vitamin D की कमी बालों की जड़ों को कमजोर कर सकती है, जिससे बाल झड़ने की समस्या बढ़ सकती है।
त्वचा का सूखापन
त्वचा का रूखा या बेजान दिखाई देना भी vitamin D की कमी का एक संकेत हो सकता है।
मानसिक तनाव और mood swing
कम vitamin D स्तर का संबंध mood swing, उदासी और तनाव जैसी मानसिक समस्याओं से भी देखा गया है।
बार-बार infection होना
vitamin D immune system को मजबूत बनाने में मदद करता है। इसकी कमी होने पर व्यक्ति को बार-बार सर्दी-जुकाम या अन्य infection होने की संभावना बढ़ जाती है।
विटामिन डी की कमी को कैसे दूर करें
धूप में समय बिताएं
रोजाना 15 से 20 मिनट धूप में रहना vitamin D प्राप्त करने का सबसे प्राकृतिक और प्रभावी तरीका है।
vitamin D युक्त आहार लें
अपने भोजन में vitamin D से भरपूर खाद्य पदार्थ शामिल करें, जैसे—
अंडे की जर्दी, दूध और दही, वसायुक्त मछलियां (salmon, tuna, sardine), mushroom तथा fortified अनाज और juice।
supplements का सेवन
यदि शरीर में vitamin D की कमी अधिक हो तो doctor की सलाह से vitamin D supplements लिया जा सकता है।
समय-समय पर जांच
यदि लगातार थकान, हड्डियों में दर्द या कमजोरी महसूस हो रही हो तो vitamin D की जांच करवाना जरूरी है।
लंबे समय तक कमी रहने के खतरे
लंबे समय तक vitamin D की कमी रहने से कई गंभीर समस्याएं हो सकती हैं, जैसे—
हड्डियों का कमजोर होना, fracture का खतरा बढ़ना, मांसपेशियों की कमजोरी, बुजुर्गों में गिरने का जोखिम बढ़ना और immunity का कमजोर होना।
Dr. Naveen Sharma का कहना है कि सही समय पर जांच, संतुलित आहार और नियमित धूप लेने से vitamin D की कमी से बचा जा सकता है और हड्डियों को लंबे समय तक स्वस्थ रखा जा सकता है।

