Friday, July 3, 2026 |
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Bharat Petroleum ने दक्षता के नए मानक स्थापित करने वाले अनोखे भारत हाई-स्टार पीएनजी स्टोव का अनावरण किया

by Business Remedies
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बिजऩेस रेमेडीज/नई दिल्ली
‘महारत्न’ और फॉच्र्यून ग्लोबल 500 कंपनी, भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (बीपीसीएल) ने आज अपना उच्च दक्षता वाला भारत हाई-स्टार पीएनजी स्टोव लॉन्च किया। यह दुनिया का सबसे दक्ष पीएनजी स्टोव होगा और पारंपरिक स्टोव की तुलना में पीएनजी की खपत को 20-25त्न तक कम करेगा। भारत हाई-स्टार पीएनजी स्टोव की उच्च दक्षता से प्राकृतिक गैस के आयात में काफी कम होगी, जिससे विदेशी मुद्रा की बचत होगी। इसके अलावा, अत्याधुनिक टेक्नोलॉजी से बना यह स्टोव कार्बन डाइऑक्साइड उत्सर्जन कम कर नेट-जीरो लक्ष्यों को हासिल करने में भी उल्लेखनीय योगदान देगा।
भारत हाई-स्टार पीएनजी स्टोव 74 प्रतिशत से अधिक की उच्च ताप दक्षता (थर्मल एफिशिएंसी) के साथ आता है और इस तरह यह बाजार में उपलब्ध स्टोव की तुलना में 10-15 प्रतिशत अधिक दक्ष है। इस स्टोव को बीपीसीएल के कॉर्पोरेट अनुसंधान एवं विकास केंद्र (सीआरडीसी) द्वारा विकसित अत्याधुनिक टेक्नोलॉजी से उच्च थर्मल एफिशिएंसी के लिए तैयार किया गया है, जो ग्राहकों को बेहतर मूल्य प्रदान करता है।
चंद्रशेखर एन, प्रमुख (अनुसंधान एवं विकास) ने कहा कि सीआरडीसी ने नयी टेक्नोलॉजी के निरंतर विकास के साथ हमेशा शीर्ष-स्तरीय उत्पाद, बेहतर प्रक्रिया और अनोखी बारीकी वाले उपकरण पेश किए हैं। सीआरडीसी ने इस विरासत को ध्यान में रखते हुए बर्नर टॉप, मिक्सिंग ट्यूब और पैन सपोर्ट सहित सभी महत्वपूर्ण कल-पुर्जे के डिज़ाइन पर ध्यान दिया है और उसे जरूरत के अनुरूप बनाया है। इस तरह यह भारत हाई-स्टार पीएनजी स्टोव, 74 प्रतिशत की अभूतपूर्व दक्षता प्रदर्शित करता है, जो सीआरडीसी, बीपीसीएल का एक और स्वदेशी उत्पाद है। हम, एक टीम के रूप में, आने वाले दिनों में कंपनी के निरंतर विकास और देश को लाभान्वित करने के लिए सभी नए आयाम तलाशने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
अक्षय वाधवा, व्यवसाय प्रमुख (गैस) ने कहा, कि फिलहाल देश में पीएनजी कनेक्शन की संख्या 1.4 करोड़ है, जिसके 2030 तक लगभग 8 गुना बढऩे की उम्मीद है। बीपीसीएल अपने पीएनजी नेटवर्क का तेजी से विस्तार कर रही है और 1 करोड़ से अधिक घरों में पीएनजी उपलब्ध कराना चाहती है, ताकि गैस आधारित अर्थव्यवस्था में बदलाव के लिहाज से उल्लेखनीय योगदान मिल सके। हम अपने वितरण नेटवर्क के जरिये देश भर में बेहद दक्ष, भारत हाई-स्टार पीएनजी स्टोव के इस नवोन्मेष को उपलब्ध कराना चाहते हैं।
एलपीजी विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने कहा कि भारत हाई-स्टार पीएनजी स्टोव को बियॉन्ड एलपीजी परियोजना के तहत पेश किया जाएगा। इस उत्पाद के 4 वैरिएंट है, जिनमें 2 बर्नर स्टेनलेस स्टिल, 2 बर्नर ग्लास टॉप, 3 बर्नर ग्लास टॉप और 4 बर्नर ग्लास टॉप शामिल हैं। यह देश के गैस जीए में चुनिंदा भारतगैस के वितरकों के पास उपलब्ध होगा। कंपनी ने स्टोव के लिए भारतीय पेटेंट कार्यालय में पेटेंट हासिल करने के लिए आवेदन किया है। आम तौर पर घरों में सालाना औसतन 180 – 200 एससीएम प्राकृतिक गैस की खपत होती है। दक्षता (एफिशिएंसी) में 15त्न की वृद्धि से हर साला 30 एससीएम गैस की बचत होगी, जिसका अर्थ है लगभग 1500 – 2000 रुपये प्रति घर की मौद्रिक बचत होगी और साथ ही गैस के कम उपयोग से उतनी ही मात्रा में कम्बशन (दहन) से होने वाले कार्बन उत्सर्जन में कमी आएगी। पुराने स्टोव को बदलने पर अधिक लाभ होगा।
भारत के गैस आधारित अर्थव्यवस्था बन जाने का अनुमान है। भारत के ऊर्जा संसाधनों में प्राकृतिक गैस का योगदान 2030 तक बढ़ जाएगा 15 प्रतिशत हो जाएगा जो फिलहाल 6 प्रतिशत है। मात्रा के लिहाज से, प्राकृतिक गैस की खपत 2030 तक लगभग तीन गुना बढक़र 450 एमएमएससीएमडी हो जाएगी जो फिलहाल वर्तमान 175 एमएमएससीएमडी है।
बीपीसीएल ने वाणिज्यिक विनिर्माण के लिए मेसर्स स्टुफा मैन्युफैक्चरिंग एंटरप्राइज (सूर्याफ्लेम) के साथ टेक्नोलॉजी लाइसेंसिंग समझौते पर हस्ताक्षर किया है और यह उत्पाद आपके निकटतम भारतगैस वितरक के पास उपलब्ध होगा। सीआरडीसी उन्नत अनुसंधान क्षेत्रों जैसे कच्चे तेल का मूल्यांकन (इवैल्यूएशन), तेल शोधन उत्प्रेरक विकास (ऑइल रिफाइनिंग कैटेलिस्ट डेवलपमेंट), पर्यावरण के अनुकूल स्नेहक (लुब्रिकेंट), प्रोसेस सिमुलेशन और मॉडलिंग, जंग-रोधी अनुसंधान, बिटुमेन-संबंधी क्षेत्र, नई ऊर्जा-कुशल टेक्नोलॉजी, वैकल्पिक ऊर्जा, जैव ईंधन (बायोफ्यूल), विशिष्ट पॉलिमर और पेट्रोकेमिकल्स, उत्पाद विकास आदि क्षेत्रों में सक्रिय है। भारत पेट्रोलियम वहनीयता को लेकर बेहद सजग है और स्वच्छ तथा कार्बन न्यूट्रल ऊर्जा को तेजी से अपनाने के लिए सीआरडीसी के पास जैव ईंधन, सौर, हाइड्रोजन और कार्बन कैप्चर से जुड़े व्यापक कार्यक्रम हैं।



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