बिजऩेस रेमेडीज/ नई दिल्ली/आईएएनएसNational Stock Exchange (NSE) के चीफ बिजनेस डेवलपमेंट ऑफिसर श्रीराम कृष्णन ने गुरुवार को कहा कि इलेक्ट्रिसिटी फ्यूचर्स कॉन्ट्रैक्ट से बिजली की लागत नियंत्रित करने में मदद मिलेगी। श्रीराम कृष्णन ने कहा कि इलेक्ट्रिसिटी फ्यूचर्स कॉन्ट्रैक्ट की मदद से आप आगे का फ्यूचर्स आज ही खरीद सकते हैं इससे आपकी लागत फिक्स हो जाएगी। वहीं, अगर स्पॉट पर लागत इससे अधिक आती है तो कैश-सेटेल्ड मंथली इलेक्ट्रिसिटी फ्यूचर्स कॉन्ट्रैक्ट से अंतर आपको मिल जाएगा। इससे बिजनेस और अन्य को बिजली की लागत नियत्रिंत करने में मदद मिल सकती है।
INS से बातचीत करते हुए कृष्णन ने कहा कि दुनिया में जैसे-जैसे ईएसजी बढ़ रहा है। उसकी वजह बिजली की लागत पर प्रभाव पड़ता है। उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि मान लीजिए हर जगह सौर ऊर्जा पैदा होने लगती है तो बिजली की लागत कम हो सकती है, लेकिन अगर हमारी योजना से अधिक बिजली की मांग आ गई, तो कीमतें बढ़ सकती हैं। ऐसे में इलेक्ट्रिसिटी फ्यूचर्स कॉन्ट्रैक्ट्स काफी महत्वपूर्ण हैं। इलेक्ट्रिसिटी फ्यूचर्स से बिजली की ट्रेडिंग के सवाल पर कृष्णन ने कहा कि यह सट्टेबाजी के लिए नहीं है, बल्कि वास्तविक हेजिंग के लिए है। देश में 60,000 यूनिट्स और अधिक की जिसकी भी खपत है इससे फायदा ले सकते हैं। अगर आपके कारोबार के प्रॉफिट और लॉस खाते में बिजली एक बड़ा नंबर में इससे आपको फायदा हो सकता है।




