Tuesday, July 14, 2026 |
Home Corporate Worldतमसेक और MOPE-supported Molbio Diagnostics ने सेबी के पास DRHP दाखिल किया

तमसेक और MOPE-supported Molbio Diagnostics ने सेबी के पास DRHP दाखिल किया

by Business Remedies
0 comments
molbio
  • 200 करोड़ रूपये की नई पूंजी जुटाई जाएगी
  • 172.8 करोड़ रूपये पूंजीगत व्यय के लिए निर्धारित
  • 1.25 करोड़ इक्विटी शेयरों की ओएफएस

बिजनेस रेमेडीज। पॉइंट-ऑफ-केयर (पीओसी) डायग्नोस्टिक्स कंपनी मोल्बियो डायग्नोस्टिक्स लिमिटेड ने आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) के माध्यम से धन जुटाने के लिए पूंजी बाजार नियामक सेबी के पास ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (डीआरएचपी) दाखिल किया है। यह कंपनी ट्यूबरक्लोसिस, कोविड, एचआईवी, एचपीवी और हेपेटाइटिस बी और सी सहित 30 बीमारियों के लिए आणविक परीक्षण (मॉलिक्यूलर टेस्टिंग) प्रदान करती है। डीआरएचपी के अनुसार, गोवा स्थित कंपनी का प्रस्तावित आईपीओ 200 करोड़ रुपये तक के इक्विटी शेयरों के नए निर्गम और बिक्री करने वाले शेयरधारकों द्वारा 1,25,56,000 इक्विटी शेयरों (1.25 करोड़ इक्विटी शेयरों) तक की बिक्री पेशकश (ओएफएस) का एक संयोजन है।

ओएफएस के हिस्से के रूप में, बिक्री करने वाले शेयरधारकों में एक्सोरा ट्रेडिंग एलएलपी, डॉ. चंद्रशेखर भास्करन नायर, अब्दुल कादिर मोहम्मद थेरुवथ, चेवबाका सर्विसेज लिमिटेड, जे. गुरु दत्त, गोपालकृष्ण मैंगलोर किनी, गोपालकृष्ण संपतगिरी, इंडिया बिजनेस एक्सीलेंस फंड III, एम गणेश कामथ, एम.ए. रोहित, एम.ए. शरथ, एम.ए. उषा रानी, संगीता एम किनी, शहीदा अब्दुल कादर, श्रुति जी किनी, सुजय लिमिटेड, वी साइंसेज इन्वेस्टमेंट्स प्राइवेट लिमिटेड और विवेक देवराज शामिल हैं।

मोल्बियो डायग्नोस्टिक्स नए निर्गम से प्राप्त शुद्ध आय का इस्तेमाल इन विभिन्न कामों के लिए करने का प्रस्ताव दिया है। कंपनी अनुसंधान और विकास सुविधा, सेंटर ऑफ एक्सीलेंस और कनेक्टेड ऑफिस स्पेस के इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए 99.3 करोड़ रूपये खर्च किए जाएंगे। गोवा यूनिट I, गोवा यूनिट II और विशाखापत्तनम यूनिट के लिए संयंत्र, मशीनरी और अन्य उपकरण खरीदने के लिए 73.5 करोड़ रूपये खर्च किए जाएंगे। शेष राशि सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों के लिए इस्तेमाल की जाएगी।

कंपनी का एक ‘ट्रूनेट’ प्लेटफॉर्म है जिसका 100 से अधिक देशों में पेटेंट कराया गया है। यह एक नया पीओसी पॉलीमरेज़ चेन रिएक्शन (पीसीआर) प्लेटफॉर्म है, जो सीमित संसाधनों वाली जगहों में भी काम कर सकता है क्योंकि यह बैटरी से संचालित होता है, जिससे एक घंटे के भीतर विकेन्द्रीकृत निदान (डिसेंट्रलाइज्ड डायग्नोसिस) की सुविधा मिलती है। 2000 में शामिल किए गए मोल्बियो डायग्नोस्टिक्स की भारत में पांच विनिर्माण सुविधाएं हैं, जिनमें से दो गोवा में, एक विशाखापत्तनम (आंध्र प्रदेश) में और दो बेंगलुरु (पीन्या और माचोहल्ली) में हैं।

गोवा, विशाखापत्तनम और पीन्या (बेंगलुरु) में सुविधाएं मोल्बियो द्वारा संचालित हैं और डिवाइस और टेस्ट किट के निर्माण के लिए समर्पित हैं, जबकि माचोहल्ली (बेंगलुरु) में सुविधा उसकी सहायक कंपनी, प्रोग्नोसिस मेडिकल सिस्टम्स द्वारा संचालित है, जो अल्ट्रापोर्टेबल एक्स-रे सिस्टम, मोबाइल डिजिटल एक्स-रे सिस्टम, फ्लोर-माउंटेड और सीलिंग-सस्पेंडेड एक्स-रे सिस्टम और सी-आर्म सिस्टम जैसे रेडियोलॉजी उत्पादों के निर्माण के लिए समर्पित है।

31 मार्च, 2025 तक, मोल्बियो की स्थापित क्षमता प्रति वर्ष 3,600 डिवाइस और प्रति वर्ष 3,90,00,000 ‘ट्रूनेट’ टेस्ट किट थी। वित्त वर्ष 2025 में, मोल्बियो डायग्नोस्टिक्स ने परिचालन से 1,020 करोड़ रुपये का राजस्व दर्ज किया, जो वित्त वर्ष 2024 की तुलना में 21.98% की वृद्धि है। वित्त वर्ष 2025 का कर पश्चात लाभ 138.5 करोड़ रुपये था। श्रीराम नटराजन, चंद्रशेखर भास्करन नायर, संगीता श्रीराम, शिवा श्रीराम, सौम्या श्रीराम और एक्सोरा ट्रेडिंग एलएलपी कंपनी के प्रमोटर हैं। कोटक महिंद्रा कैपिटल कंपनी लिमिटेड, आईआईएफएल कैपिटल सर्विसेज लिमिटेड, जेफरीज इंडिया प्राइवेट लिमिटेड और मोतीलाल ओसवाल इन्वेस्टमेंट एडवाइजर्स लिमिटेड इस इश्यू के लिए बुक रनिंग लीड मैनेजर्स हैं।



You may also like

Leave a Comment