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श्री सीमेंट ने हासिल की 1 गीगावॉट इंस्टॉल्ड विद्युत क्षमता; कंपनी आने वाले समय में हरित विद्युत उत्पादन पर और अधिक फोकस करेगी

by Business Remedies
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बिजऩेस रेमेडीज/नई दिल्ली
क्षमता की दृष्टि से भारत की तीसरी सबसे बड़ी सीमेंट निर्माता श्री सीमेंट लिमिटेड को यह घोषणा करते हुए गर्व का अनुभव हो रहा है कि कंपनी ने 1 गीगावॉट (1000 मेगावॉट) इंस्टॉल्ड विद्युत क्षमता की उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल कर ली है। इस उपलब्धि की शुरूआत आन्ध्र प्रदेश स्थित कंपनी की मैनुफैक्चरिंग युनिट में 19.5 मेगावॉट सोलर प्लांट की शुरूआत के साथ की गई थी। 1 गीगावॉट क्षमता में सोलर, विंड, थर्मल और वेस्ट हीट (सौर, पवन, उष्मा और व्यर्थ उष्मा) रिकवरी पावर प्लांट शामिल हैं जो सीमेंट उत्पादन में विद्युत की मांग को पूरा करने के लिए श्री सीमेंट के विविध दृष्टिकोण को दर्शाते हैं।
नवीकरणीय पोर्टफोलियो के विस्तार के लिए कुल रु 4000 करोड़ का निवेश किया गया है, जो अब 499 मेगावॉट इंस्टॉल्ड पावर क्षमता का तकरीबन 50 फीसदी हिस्सा बनाता है। उल्लेखनीय है कि वेस्ट हीट रिकवरी प्लांट से श्री सीमेंट की 244 मेगावॉट क्षमता, दुनिया भर के सीमेंट उद्योग में सर्वोच्च में से एक है। आने वाले समय की बात करें तो कंपनी ने वित्तीय वर्ष 25 में अतिरिक्त नवीकरणीय क्षमता के इंस्टॉलेशन के लिए अनुमानित रु 1000 करोड़ के कैपेक्स की योजना बनाई है। इसमें पांच राज्यों- झारखण्ड, हरियाणा, राजस्थान, उत्तर प्रदेश और उत्तराखण्ड में 132 मेगवॉट सौर क्षमता, राजस्थान में 36 मेगावॉट पवन क्षमता और कर्नाटक एवं राजस्थान में 34 मेगावॉट वेस्ट हीट रिकवरी क्षमता शामिल होगी।
इस उपलब्धि पर बात करते हुए नीरज अखौरी, मैनेजिंग डायरेक्टर, श्री सीमेंट ने कहा, कि इस आकार का विद्युत क्षमता पोर्टफोलियो हासिल करना सुनिश्चित करता है कि हमारे पास न सिर्फ अपने मौजूदा सीमेंट उत्पादन के लिए बल्कि विस्तार परियोजनाओं के लिए भी पर्याप्त विद्युत है। आने वाले समय में हम राज्य एवं केन्द्रीय ग्रिड के लिए अतिरिक्त विद्युत में योगदान देते रहेंगे। ‘‘हरित विद्युत के इस्तेमाल द्वारा हमें अधिक स्थायी एवं लागत प्रभावी तरीके से सीमेंट उत्पादन में मदद मिली है। आज हमारी विद्युत की लगभग 56 फीसदी आवश्यकता नवीकरणीय स्रोतों से पूरी होती है, जो भारतीय सीमेंट उद्योग में अधिकतम है। हमारा उद्देश्य सीमेंट सेक्टर में स्थायित्व के लिए बेंचमार्क स्थापित करना तथा पूरे उद्योग को सकारात्मक बदलाव लाने के लिए प्रेरित करना है।’’
हाल ही में, श्री सीमेंट ने आरई100 पहल में अपनी सदस्यता की घोषणा करते हुए 2050 तक अपने सम्पूर्ण संचालन में 100 फीसदी नवीकरणीय विद्युत के उपयोग के लिए प्रतिबद्धता व्यक्त की थी। स्थायित्व कंपनी की विकास योजनाओं का अभिन्न हिस्सा है, श्री सीमेंट गैर-नवीकरणीय स्रोतों की खपत को न्यूनतम करने और उत्सर्जन को कम करने के लिए आधुनिक तकनीकों को अपनाने में अग्रणी रही है। कंपनी नवीकरणीय उर्जा के उपयोग को बढ़़ाने के लिए आधुनिक तकनीकों जैसे बैटरी स्टोरेज, पम्प स्टोरेज और हरित हाइड्रोजन पर भी काम कर रही है। श्री सीमेंट अपनी मौजूदा 56.4 एमटीपीए क्षमता को 2028 तक 80 मिलियन टन तक बढ़ाने के लक्ष्य के साथ आधुनिक एवं हरित निर्माण सामग्री कंपनी बनने के पथ पर निरंतर अग्रसर है।

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