Friday, March 13, 2026 |
Home » आरबीआई ने रेपो रेट में की 0.25 प्रतिशत की कटौती

आरबीआई ने रेपो रेट में की 0.25 प्रतिशत की कटौती

by Business Remedies
0 comments

 

नई दिल्ली। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के गवर्नर शक्तिकांत दास की अध्यक्षता वाली मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) ने वित्त वर्ष 2019-20 की पहली द्विमासिक मौद्रिक समीक्षा में रेपो रेट में 0.25 प्रतिशत की कटौती करने की घोषणा की है। रेपो रेट घटकर अब 6 प्रतिशत रह गया है।

वैश्विक स्तर पर आर्थिक नरमी के बीच देश की वृद्धि संभावना पर असर पडऩे की आशंका को देखते हुए उद्योग और विशेषज्ञों को यह उम्मीद थी कि बैंक नियामक आर्थिक गतिविधियों में तेजी लाने के लिए मुख्य नीतिगत दर रेपो में 0.25 प्रतिशत की कटौती करेगा। रेपो दर वह दर है जिस पर केंद्रीय बैंक वाणिज्यिक बैंकों को कर्ज देता है। आरबीआई ने इससे पहले फरवरी में द्विमासिक मौद्रिक नीति समीक्षा में रेपो दर में 0.25 प्रतिशत की कटौती की थी। यह कटौती करीब डेढ़ साल के अंतराल के बाद की गई थी। विशेषज्ञों के अनुसार रेपो दर में कटौती से चुनावी मौसम में कर्ज लेने वालों को राहत मिलेगी।

छह सदस्यीय एमपीसी ने लगातार दूसरी बार रेपो रेट में कटौती की है। शक्तिकांत दास के गवर्नर बनने के बाद यह दूसरी बैठक थी और दोनों बैठकों में रेपो रेट में 0.25-0.25 प्रतिशत की कटौती की गई है। इस कदम ने भारत को एशिया में तीन महीने में दो बार ब्याज कटौती करने वाला देश बना दिया है। मौद्रिक नीति समिति के छह में से चार सदस्यों ने नीतिगत दर में कटौती का पक्ष लिया, जबकि दो सदस्यों ने रेपो दर स्थिर रखने का समर्थन किया। रिजर्व बैंक ने मौद्रिक नीति पर तटस्थ रुख बरकरार रखा है।



You may also like

Leave a Comment