इस्लामाबाद/एजेंसी। पाकिस्तान ने कहा है कि सिंधु जल समझौते में संशोधन करने के किसी भी एकतरफा प्रयास को वह स्वीकार नहीं करेगा। पाकिस्तान के विदेश मंत्री ख्वाजा आसिफ ने कहा कि पाकिस्तान इस समझौते में अपने हिस्से की जवाबदेही का निर्वाह कर रहा है। मौजूदा विदेश मंत्री पूर्व की नवाज शरीफ सरकार में जल एवं ऊर्जा मंत्री थे। सिंधु जल समझौता मुद्दे और सिफारिशें विषय पर आयोजित सेमिनार को संबोधित करते हुए आसिफ ने कहा कि समझौते के नियम में बदलाव करने की भारत की किसी एकतरफा योजना को पाकिस्तान मंजूर नहीं करेगा। यह सेमिनार इस्लामाबाद के रणनीतिक अध्ययन संस्थान ने आयोजित किया था। पाकिस्तान के विदेश मंत्री ने कहा कि पानी के मुद्दे पर भारत दबाव बनाने में लिप्त है। भारत और पाकिस्तान के बीच 1960 में सिंधु जल समझौते पर हस्ताक्षर हुए थे। इससे पहले विश्व बैंक की मदद से दोनों देशों के बीच नौ वर्षो तक बातचीत चलती रही। इस समझौते में विश्व बैंक भी एक पक्ष है।

