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बोईंग ने भारतीय साझेदारों के साथ एमआरओ स्थानीकरण को तेज किया

by Business Remedies
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बिजऩेस रेमेडीज/गांधीनगर
बोईंग ने पिछले साल भारतीय रखरखाव, मरम्मत और ओवरहॉलिंग (एमआरओ) परितंत्र में अपने साझेदारियों के महत्वपूर्ण विस्तार की घोषणा की है। इस दिशा में यह सार्वजनिक और निजी क्षेत्रों में विविध स्वदेशी सहयोगियों के साथ अनेक कार्य अनुबंध और वितरण (डिलीवरीज) को अंतिम रूप दे चुका है। इन सहयोगियों में एआई इंजीनियरिंग सर्विसेज लिमिटेड, होराइजन एयरोस्पेस, और एयर वर्क्स ग्रुप सम्मिलित हैं। भारतीय ग्राहकों को त्वरित और कुशल सहयोग के लिए रखरखाव, मरम्मत और ओवरहॉल (एमआरओ) का स्थानीयकरण इस कंपनी के लिए सबसे महत्वपूर्ण रहा है।
वर्ष 2021 में बोईंग ने बोईंग इंडिया रिपेयर डेवलपमेंट ऐंड सस्टेनमेंट (बर्ड्स) प्रोग्राम आरम्भ किया था। इस कदम का उद्देश्य भारत को एक क्षेत्रीय एमआरओ केंद्र के रूप में विकसित होने में मदद करना, भारत के लिए यहीं भारत में ही रक्षा और वाणिज्यिक विमानों के अभियंत्रण,रखरखाव, स्किलिंग, मरम्मत और सस्टेनमेंट सेवाओं का सामर्थ्य प्रदान करना था। इस पहल के तहत बोईंग ने निम्नलिखित रणनैतिक सहयोग किया है :
(१.) एयर वक्र्स के साथ, हाल में भारतीय नौसेना के लिए छ: पी-81 सामुद्रिक गश्ती विमान का फेज 32 भारी रखरखाव जाँच पूरी करने के लिए।
(२.) एआई इंजीनियरिंग सर्विसेज लिमिटेड (एआईईएसएल) के साथ, भारतीय वायु सेना द्वारा संचालित बोईंग 777 वीआइपी विमान और भारतीय नौसेना द्वारा संचालित पी-81 विमान बड़े के एमआरओ के लिए। इसके अलावा, कंपनी पी-81 बड़े में लगे लैंडिंग गियर और अन्य वाणिज्यिक सामान्य 737एनजी उपकरण की मरम्मत और ओवरहॉल में सहयोग की संभावना तलाश रही है।
(३.) होराइजन एयरोस्पेस के साथ, भारत में तीन प्रमुख बोईंग रक्षा प्लैटफॉम्र्स – भारतीय नौसेना (आईएन) द्वारा संचालित पी-81, और भारतीय वायु सेना (आएएफ) द्वारा संचालित वीआइपी 737 परिवहन बेड़ा – के एमआरओ के लिए। बोईंग इंडिया के प्रेसिडेंट, सलिल गुप्ते ने कहा कि भारत में 7 दशकों से अधिक समय से काम करते हुए बोईंग यह जानती है कि व्यवसाय के लिए एक सुदृढ़ स्थानीय एयरोस्पेस और डिफेंस इकोसिस्टम उतना ही अनिवार्य है जितना कि यह इसके ग्राहकों की सफलता और अभियान-तत्परता के लिए है। हम विगत वर्षों में स्वदेशी एमआरओ क्षमताओं के निर्माण नें लगातार निवेश करते रहे हैं और वर्ष 2021 में आरम्भ किए गए बर्ड्स हब के साथ हम भारतीय आपूर्तिकर्ताओं का एक नेटवर्क खड़ा कर रहे हैं जो व्यापक और प्रस्पर्धी रूप से रक्षा और वाणिज्यिक विमानों की इंजीनियरिंग, मेंटेनेंस, स्किलिंग, रिपेयर और सस्टेनमेंट सेवाओं में सहयोग कर सकता है। बर्ड्स हब का एक महत्वपूर्ण पहलू है प्रशिक्षण प्रोग्राम्म, जिनसे भारत में उच्च गुणव्?त्?ता की एमआरओ क्षमताओं के निर्माण के लिए सब-टियर सप्लायर्स और मँझोले, लघु एवं सूक्ष्म उपक्रमों (एमएसएमई) के विकास में मदद मिल रही है।
बोईंग डिफेन्स इंडिया के प्रबंध निदेशक, सुरेन्द्र आहूजा ने कहा कि बर्ड्स हब प्रोग्राम के तहत स्वदेशी कंपनियों के साथ हनारा नियोजित रणनैतिक सहयोग भारतीय सैन्य बलों के लिए त्वरित टर्नअराउंड, असाधारण परिचालनीय सामर्थ्य और अभियान तत्परता को सक्षम करते हुए स्थानीय रूप से हमारे ग्राहकों को महत्वपूर्ण मूल्य वर्धन प्रदान करने के लिए हमें सक्षम बनाता है। यह भारत को क्षेत्रीय एमआरओ केंद्र बनाने के भारत सरकार के आत्मनिर्भर भारत के सपने के प्रति हमारी वचनबद्धता के तहत एक महत्वपूर्ण कदम का प्रमाण भी है।

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